सावधान! दिल्ली में सामान्य से 7 डिग्री ज्यादा पहुंचा पारा, गर्मी से बिगड़ रहा है हार्मोनल बैलेंस
दिल्ली में अब दिन के साथ-साथ रात में भी पसीने छुड़ाने वाली गर्मी पड़ने लगी है। सोमवार को दिल्ली की मानक वेधशाला सफदरजंग में न्यूनतम तापमान सामान्य से 5 डिग्री ज्यादा रहा। मौसम विभाग का अनुमान है कि अगले सप्ताह भर दिल्ली का अधिकतम और न्यूनतम तापमान 3 से 6 डिग्री तक ज्यादा रहेगा।

राजधानी दिल्ली में अब दिन के साथ-साथ रात में भी पसीने छुड़ाने वाली गर्मी पड़ने लगी है। सोमवार को दिल्ली की मानक वेधशाला सफदरजंग में न्यूनतम तापमान सामान्य से 5 डिग्री ज्यादा रहा। मौसम विभाग का अनुमान है कि अगले सप्ताह भर दिल्ली का अधिकतम और न्यूनतम तापमान 3 से 6 डिग्री तक ज्यादा रहेगा।
दिल्ली के ज्यादातर लोगों को इस बार मार्च के महीने में अप्रैल जैसी गर्मियों का सामना करना पड़ रहा है। आमतौर पर जाड़े के मौसम में सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ से मौसम में बदलाव देखने को मिलता रहा है। पश्चिमी विक्षोभ के चलते दिल्ली समेत उत्तर भारत के एक बड़े हिस्से में बारिश होती रही है, हवा की गति बढ़ती है और उच्च हिमालयी क्षेत्रों में हिमपात होता है। लेकिन, इस बार कमजोर पश्चिमी विक्षोभ आए। जिनके चलते हिमपात भी कम हुआ और बारिश भी कम हुई। इसके चलते हवा सूखी है। हवा में नमी नहीं है, जबकि सुबह से ही तेज धूप निकल रही है। इसके चलते लोगों को सामान्य से ज्यादा गर्मी का सामना करना पड़ रहा है। फरवरी महीने का औसत अधिकतम तापमान सामान्य से 2.9 डिग्री सेल्सियस ज्यादा रहा था। अब मार्च के महीने में भी मौसम का यही रुख बना हुआ है।
इस मौसम की सबसे गर्म रात
दिल्ली के ज्यादातर इलाकों में सोमवार की सुबह से तेज तेज धूप निकली रही। सफदरजंग में अधिकतम तापमान 35.3 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। जो कि सामान्य से 6.9 डिग्री सेल्सियस ज्यादा है। जबकि, न्यूनतम तापमान 19 डिग्री सेल्सियस रहा। जो कि सामान्य से 05 डिग्री ज्यादा है। मौसम विभाग के आंकड़ों पर नजर डालें तो यह इस मौसम की सबसे गर्म रात थी। इससे पहले 5 मार्च को अधिकतम तापमान 18.2 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया था।
सामान्य से ऊपर रहेगा पारा
दिल्ली का पारा अभी सामान्य से ऊपर ही रहने की संभावना है। दरअसल, अगले कुछ दिनों में मौसम में कोई बड़ी गतिविधि होने की संभावना नहीं है। दिन भर तेज धूप निकलेगी और हवा में नमी का स्तर कम रहेगा। इसके चलते गर्म मौसम बना रहेगा। सोमवार को भी हवा में नमी का स्तर 35 से 92 फीसदी तक रहा।
तापमान बढ़ने से नींद भी प्रभावित हो रही
चैत्र में ही जेठ जैसी तपिश ने लोगों की सेहत पर असर दिखाना शुरू कर दिया है। दिन के साथ रात का तापमान बढ़ने से नींद भी प्रभावित हो रही है। नतीजतन थकान, बेचैनी के मरीज बढ़ रहे हैं। इसकी तस्दीक कानपुर के जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज में मरीजों की केस हिस्ट्री भी कर रही है। थकान, बेचैनी और नींद न आने की समस्या लेकर 88 मरीज इलाज के लिए पहुंचे। इनमें 50 फीसदी ऐसे थे, जो दिन में लंबे समय तक धूप में काम करते हैं या जिनकी दिनचर्या अनियमित है।
हार्मोन बिगड़ रहे
मेडिकल कॉलेज के डॉ. जेएस कुशवाहा का कहना है कि तापमान में अचानक वृद्धि से शरीर में कॉर्टिसोल नामक तनाव हार्मोन का स्तर बढ़ने लगता है। इसका स्तर अधिक होने पर बेचैनी, चिड़चिड़ापन और नींद में कमी जैसी समस्याएं बढ़ने का खतरा बढ़ जाता है। साथ ही रात का तापमान अधिक रहने से नींद को नियंत्रित करने वाला हार्मोन मेलाटोनिन भी प्रभावित होता है। सामान्य स्थिति में शरीर को गहरी नींद मिलती है, लेकिन जब रात में तापमान अधिक होता है तो यह प्रक्रिया बाधित हो जाती है। इससे देर से नींद आती है या नींद बार-बार टूटने लगती है।
अधिक पसीने से पानी और इलेक्ट्रोलाइट की कमी
मेडिकल कॉलेज के डॉ. एसके गौतम के अनुसार, अत्यधिक गर्मी के कारण अधिक पसीना निकलने से शरीर में पानी और लवणीय तत्वों की कमी का खतरा भी बढ़ जाता है। इससे कमजोरी, सिरदर्द, चक्कर और अत्यधिक थकान जैसे लक्षण सामने आ सकते हैं। अस्पताल में आने वाले कई मरीजों में ऐसे लक्षण भी देखे जा रहे हैं।


