
दिल्ली-मेरठ RRTS के बाद बनेंगे 8 नए कॉरिडोर, इन शहरों के बीच चलेगी हाई स्पीड ट्रेन; देखें लिस्ट
दिल्ली-गाजियाबाद-मेरठ आरआरटीएस का काम पूरा हो गया है। आखिरी चरण के लिए 27 किलोमीटर का उद्घाटन होना बाकी है। इसके बाद एनसीआर में 8 और आरआरटीएस कॉररीडोर बनाए जाएंगे।
दिल्ली-मेरठ आरआरटीएस कॉरीडोर पूरी तरह से खुलने जा रहा है। अभी दिल्ली के अशोक नगर से मेरठ साउथ स्टेशन तक इस कॉरीडोर को चालू कर दिया गया है, जिस पर ट्रेनों का संचालन किया जा रहा है। हाल ही में इस कॉरीडोर को लेकर अपडेट देते हुए बताया गया कि जल्द ही बाकी के बचे 27 किलोमीटर का उद्घाटन किया जाएगा, जिससे 82 किलोमीटर का पूरा कॉरीडोर चालू हो जाएगा। इस कॉरीडोर का काम पूरा होने के बाद एनसीआर क्षेत्र में 8 और कॉरीडोर प्रस्तावित हैं, जिनका काम कई चरणों में शुरू होगा। इन आरआरटीएस कॉरीडोर के बन जाने के बाद एनसीआर क्षेत्र में ट्रैफिक जाम से छुटकारा मिल जाएगा। आइए जानते हैं कि सरकार का प्लान क्या है?

किन रूट्स पर बनेगा RRTS कॉरीडोर
पहले चरण में तीन आरआरटीएस कॉरीडोर प्रस्तावित हैं। इनमें दिल्ली-गाजियाबाद-मेरठ नमो भारत आरआरटीएस(Rapid Rail Transit System) का काम पूरा हो गया है, जो जल्दी ही पूरी तरह से जनता के लिए खोल दिया जाएगा। इसके अलावा दिल्ली-गुरुग्राम-रेवाड़ी-अलवर आरआरटीएस कॉरीडोर और दिल्ली-पानीपत-करनाल आरआरटीएस कॉरीडोर का काम भी शुरू किया जाएगा। इसके लिए कैबिनेट की मंजूरी मिलना अभी बाकी है। कैबिनेट की मंजूरी मिलने के बाद इन सभी कॉरीडोर का काम अलग-अलग चरणों में शुरू किया जाएगा।
5 अन्य प्रस्तावित RRTS कॉरीडोर
3 प्रस्तावित RRTS कॉरीडोर के अलावा 5 अन्य कॉरीडोर भी बनाए जाएंगे। इसमें दिल्ली–फरीदाबाद–बल्देवगढ़–पलवल कॉरीडोर, दिल्ली–बहादुरगढ़–रोहतक आरआरटीएस कॉरीडोर, दिल्ली–शाहदरा–बारौत आरआरटीएस कॉरीडोर, गाजियाबाद-खुर्जा कॉरीडोर, गाजियाबाद, गाजियाबाद-हापुड़ आरआरटीएस कॉरीडोर बनेगा।
मिली जानकारी के अनुसार, इन 8 कॉरीडोर की पूरी लंबाई 1500 किलोमीटर होगी। इन कॉरीडोर के बन जाने के बाद लोगों के आसपास के शहरों में आने-जाने के लिए आसानी हो जाएगी। इससे यात्रा सुरक्षित और आरामदायक भी हो जाएगी। इस मामले की जानकारी देते हुए बताया कि इन कॉरीडोर को बनाने का उद्देश्य एनसीआर में ट्रैफिक को कम करना, प्रदूषण में कमी लाना और रीजनल कनेक्टिविटी को बढ़ाना है।





