कहां है पुष्पा, अब दिखाई नहीं दे रहा; IPS अजय पाल शर्मा से भिड़ने वाले जहांगीर को क्यों ढूंढ रहे शुभेंदु

Himanshu Jha लाइव हिन्दुस्तान
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Suvendu Adhikari: चुनाव आयोग ने फाल्टा में 29 अप्रैल को हुए मतदान को ईवीएम (EVM) से छेड़छाड़ और मतदाताओं को डराने-धमकाने जैसी गंभीर अनियमितताओं की शिकायतों के बाद रद्द कर दिया था।

कहां है पुष्पा, अब दिखाई नहीं दे रहा; IPS अजय पाल शर्मा से भिड़ने वाले जहांगीर को क्यों ढूंढ रहे शुभेंदु

Suvendu Adhikari on Jahangir Khan: पश्चिम बंगाल के नवनिर्वाचित मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने डायमंड हार्बर लोकसभा क्षेत्र के तहत आने वाली फाल्टा विधानसभा सीट पर होने वाले उपचुनाव (Falta By-Election) से पहले तृणमूल कांग्रेस (TMC) और अभिषेक बनर्जी पर करारा हमला बोला है। शनिवार को भाजपा उम्मीदवार देबांग्शु पोंडा के समर्थन में फाल्टा में एक बड़ी रैली को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने सुरक्षा, कानून-व्यवस्था और भ्रष्टाचार को लेकर कई बड़े एलान किए। मुख्यमंत्री बनने के बाद इस क्षेत्र में यह उनकी पहली जनसभा थी।

शुभेंदु अधिकारी ने टीएमसी के फाल्टा उम्मीदवार जहांगीर खान को आड़े हाथों लेते हुए उन्हें घोषित कुख्यात अपराधी करार दिया। उन्होंने कहा, "2019 के चुनाव बाद हुई हिंसा पर राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (NHRC) ने राज्य के 19 सबसे कुख्यात अपराधियों की सूची जारी की थी। भतीजे के संरक्षण में पलने वाला यह जहांगीर खान उसी सूची में शामिल था। अब इस तथाकथित 'पुष्पा' को मेरे भरोसे छोड़ दीजिए, जो अब कहीं दिखाई भी नहीं दे रहा है। वह अब मेरी जिम्मेदारी है और मैं खुद उसका मामला देखूंगा।"

क्या था 'पुष्पा' और 'सिंघम' का विवाद?

चुनाव आयोग द्वारा नियुक्त पुलिस पर्यवेक्षक 2011 बैच के यूपी कैडर के आईपीएस अधिकारी अजय पाल शर्मा (IPS Ajay PAl Sharma) ने मतदाताओं को धमकाने की शिकायत के बाद जहांगीर खान के घर और दफ्तर का दौरा किया था। इस पर टीएमसी उम्मीदवार जहांगीर खान ने पलटवार करते हुए कहा था कि "अगर वह सिंघम हैं, तो मैं 'पुष्पा' हूं।" मुख्यमंत्री ने इसी बयान पर तंज कसा है।

मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने आरोप लगाया कि जब से बंगाल के राजनीतिक पटल पर ममता बनर्जी के भतीजे अभिषेक बनर्जी का उदय हुआ है, तब से पिछले एक दशक में डायमंड हार्बर और फाल्टा के लोग स्वतंत्र रूप से अपने मताधिकार का प्रयोग नहीं कर पाए हैं।

उन्होंने जनता को आश्वस्त करते हुए कहा, "अब बंगाल का परिदृश्य बदल चुका है। फाल्टा विधानसभा सीट पर 21 मई 2026 को होने वाला पुनर्मतदान यहां के लोगों को उनका लोकतांत्रिक अधिकार वापस दिलाएगा। मैं फाल्टा के मतदाताओं से अपील करता हूं कि वे भाजपा उम्मीदवार को 1 लाख से अधिक वोटों के अंतर से विजयी बनाएं।" इसके साथ ही उन्होंने कार्यकर्ताओं से कानून अपने हाथ में न लेने और शांतिपूर्ण मतदान सुनिश्चित करने की अपील की।

फाल्टा में दोबारा चुनाव क्यों?

चुनाव आयोग ने फाल्टा में 29 अप्रैल को हुए मतदान को ईवीएम (EVM) से छेड़छाड़ और मतदाताओं को डराने-धमकाने जैसी गंभीर अनियमितताओं की शिकायतों के बाद रद्द कर दिया था।

भ्रष्टाचार के मुद्दे पर अभिषेक बनर्जी को घेरते हुए मुख्यमंत्री ने बड़ा खुलासा किया। उन्होंने कहा कि उन्हें 'लीप्स एंड बाउंड्स' (Leaps and Bounds) कंपनी से जुड़ी संपत्तियों की फाइलें मिल चुकी हैं। उन्होंने कहा, "मैंने कोलकाता नगर निगम से फाइलें मांगी थीं। अब मेरे पास दक्षिण 24 परगना जिले के आमताला में एक आलीशान दफ्तर सहित इस कंपनी की 24 संपत्तियों की पूरी सूची और विवरण है। बहुत जल्द इन सभी संपत्तियों के खिलाफ गहन जांच शुरू की जाएगी।"

5 साल पुराने मामले भी खुलेंगे

चुनाव के बाद डर के मारे पलायन कर चुके लोगों की वापसी को लेकर मुख्यमंत्री ने कड़ा और स्पष्ट रुख अपनाया। उन्होंने कहा कि सरकार सभी की सुरक्षित वापसी सुनिश्चित करेगी, लेकिन यह सशर्त होगी। उन्होंने कहा, "2021 की चुनाव बाद हुई हिंसा में भाजपा के 57 कार्यकर्ताओं की हत्या हुई थी और 12,500 एफआईआर दर्ज की गई थीं। यदि इन फरार लोगों में से किसी का भी नाम उन एफआईआर में आरोपी के रूप में दर्ज है, तो उन्हें घर लौटने की अनुमति नहीं दी जाएगी। हम उन्हें बालों से घसीटकर जेल की सलाखों के पीछे भेजेंगे।"

मुख्यमंत्री ने पुलिस को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि भले ही राजनीतिक अपराध 5 साल या उससे अधिक पुराने क्यों न हों, उनके खिलाफ शिकायतें दर्ज कर अपराधियों को तुरंत जेल भेजा जाए।

धार्मिक भावनाओं का सम्मान

अक्टूबर 2025 में दक्षिण 24 परगना के काकद्वीप में मां काली की खंडित मूर्ति को पुलिस द्वारा कैदी वैन में रखने के विवाद का जिक्र करते हुए सीएम ने कहा, "जिस पुलिस अधिकारी ने मां काली की मूर्ति को जेल वैन के अंदर रखा, उसके लिए बंगाल में कोई जगह नहीं है। हिंदू देवी-देवताओं के अपमान और मूर्तियों को नुकसान पहुंचाने से जुड़ी सभी पुलिस फाइलें दोबारा खोली जाएंगी।"

विशेष विकास पैकेज का एलान

अपने संबोधन के अंत में मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने फाल्टा की जनता के लिए भाजपा के चुनावी घोषणा-पत्र के वादों से अलग एक विशेष विकास पैकेज देने की भी घोषणा की। उन्होंने कहा कि जनता ने उन्हें सत्ता की कुर्सी सिर्फ बैठने के लिए नहीं बल्कि न्याय के लिए सौंपी है और वे राज्य में न्याय का शासन स्थापित करके रहेंगे।

Himanshu Jha

लेखक के बारे में

Himanshu Jha

बिहार के दरभंगा जिले से ताल्लुक रखने वाले हिमांशु शेखर झा डिजिटल मीडिया जगत का एक जाना-माना नाम हैं। विज्ञान पृष्ठभूमि से होने के बावजूद (BCA और MCA), पत्रकारिता के प्रति अपने जुनून के कारण उन्होंने IGNOU से पत्रकारिता में डिप्लोमा किया और मीडिया को ही अपना कर्मक्षेत्र चुना।


एक दशक से भी अधिक समय का अनुभव रखने वाले हिमांशु ने देश के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों जैसे दैनिक भास्कर, न्यूज़-18 और ज़ी न्यूज़ में अपनी सेवाएं दी हैं। वर्तमान में, वे वर्ष 2019 से लाइव हिन्दुस्तान के साथ जुड़े हुए हैं।


हिमांशु की पहचान विशेष रूप से राजनीति के विश्लेषक के तौर पर होती है। उन्हें बिहार की क्षेत्रीय राजनीति के साथ-साथ राष्ट्रीय राजनीति की गहरी और बारीक समझ है। एक पत्रकार के रूप में उन्होंने 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनावों और कई विधानसभा चुनावों को बेहद करीब से कवर किया है, जो उनके वृहद अनुभव और राजनीतिक दृष्टि को दर्शाता है।


काम के इतर, हिमांशु को सिनेमा का विशेष शौक है। वे विशेष रूप से सियासी और क्राइम बेस्ड वेब सीरीज़ देखना पसंद करते हैं, जो कहीं न कहीं समाज और सत्ता के समीकरणों को समझने की उनकी जिज्ञासा को भी प्रदर्शित करता है।

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