SIR पर बात करने के बहाने बुलाया, BLO ने अपनी प्रेमिका के पति की कर दी हत्या
घटना के अनुसार, सुनसान स्थान पर पहुंचते ही रिजवान ने नासिर की हत्या कर दी। इसके बाद उसने अपने साथी सागर की मदद ली। दोनों ने मिलकर शव को टुकड़ों में काटा और उसे तीन अलग-अलग हिस्सों में बांटकर नहर में फेंक दिया।

पश्चिम बंगाल के उत्तर 24 परगना जिले में एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है, जहां बूथ लेवल ऑफिसर (BLO) ने अपनी प्रेमिका के पति की हत्या कर दी। आरोपी रिजवान हसन मंडल का 30 वर्षीय नासिर अली की पत्नी से अवैध संबंध था। नासिर अली बदुरिया क्षेत्र के निवासी थे। रिजवान ने विशेष गहन संशोधन (SIR) के बहाने नासिर को सोमवार शाम को एक सुनसान जगह पर बुलाया। उसने नासिर को SIR से संबंधित चर्चा के लिए आमंत्रित किया, लेकिन यह सब एक सुनियोजित साजिश थी। पुलिस जांच में पता चला कि रिजवान ने प्रेम संबंध को छिपाने और बाधा हटाने के लिए यह कदम उठाया।
घटना के अनुसार, सुनसान स्थान पर पहुंचते ही रिजवान ने नासिर की हत्या कर दी। इसके बाद उसने अपने साथी सागर की मदद ली। दोनों ने मिलकर शव को टुकड़ों में काटा और उसे तीन अलग-अलग हिस्सों में बांटकर बदुरिया की नहर में फेंक दिया। शव के सिर सहित कई हिस्से अभी भी बरामद नहीं हुए हैं, जिससे जांच में जटिलता आई। मंगलवार को नासिर के परिवार ने उनकी गुमशुदगी की शिकायत पुलिस में दर्ज कराई। पुलिस ने तुरंत जांच शुरू की और रिजवान के फोन कॉल रिकॉर्ड्स, लोकेशन डेटा तथा अन्य सबूतों का विश्लेषण किया। जांच के दौरान रिजवान और सागर पर शक हुआ, क्योंकि रिजवान ने ही नासिर को बुलाया था।
नहर से शव के कई अंग बरामद
शुक्रवार को पुलिस ने नहर से शव के कई अंग बरामद किए, जिसके बाद मामला सुलझने लगा। पूछताछ में रिजवान ने अपराध कबूल कर लिया। पुलिस ने उसे हत्या के आरोप में गिरफ्तार किया, जबकि सागर को हत्या में सहायता, शव को काटने और निपटाने के आरोप में पकड़ा गया। दोनों आरोपी अब न्यायिक हिरासत में हैं। पुलिस ने घटनास्थल से अन्य सबूत भी जुटाए हैं, जैसे हथियार और अन्य सामग्री। इस क्रूर हत्या ने इलाके में भय और आक्रोश फैला दिया है।
सड़क जाम करके प्रदर्शन
स्थानीय लोगों ने न्याय की मांग करते हुए सड़क जाम किया, जिसे पुलिस ने शांत कराया। यह मामला अवैध संबंधों, ईर्ष्या और क्रूरता का ज्वलंत उदाहरण है। पुलिस जांच जारी है और शेष शव के हिस्सों की तलाश की जा रही है। इस घटना ने मतदाता सूची संशोधन जैसे सरकारी कार्यों के दुरुपयोग की ओर भी ध्यान खींचा है। समाज में ऐसे अपराधों पर सख्त कार्रवाई की आवश्यकता है ताकि ऐसी घटनाएं दोबारा न हों।



