तमिलनाडु में सरकारी कर्मचारियों को मिलेगी ‘पुरानी पेंशन’, सीएम स्टालिन ने किया नई योजना का ऐलान
तमिलनाडु की एमके स्टालिन सरकार ने चुनाव से पहले सरकारी कर्मचारियों के लिए बड़ा फैसला किया है। यहां सरकार ने सुनिश्चित पेंशन योजना की शुरुआत की है जो कि पुरानी पेंशन योजना जैसे लाभ देगी।

सरकारी कर्मचारियों को लेकर तमिलनाडु की एमके स्टालिन सरकार ने बड़ा ऐलान किया है। मुख्यमंत्री एमके स्टालिन ने शनिवार को एक नई योजना के तहत सरकारी कर्मचारियों के लिए रिटायरमेंट के बाद सुनिश्चित पेंसन की घोषणा की है। उन्होंने कहा कि इस योजना से पुरानी पेंशन योजना (OPS) जैसे लाभ मिलेंगे।
आखिरी वेतन का आधा पेंशन के रूप में मिलेगा
सरकार ने कहा कि सरकारी कर्मचारियों को मिले अंतिम वेतन का 50 प्रतिशत हिस्सा सुनिश्चित पेंशन के रूप में दिया जाएगा। इसके लिए राज्य सरकार कर्मचारियों के 10 प्रतिशत योगदान के साथ ही पेंशन फंड में जरूरी अतिरिक्त धनराशि देगी। इस योजना के तहत पेंशनभोगियों के लिए सरकारी कर्मचारियों के समान ही हर छह महीने में महंगाई भत्ते को बढ़ाया जाएगा। पेंशनभोगियों की मृत्यु होने पर पेंशन राशि का 60 प्रतिशत हिस्सा मृतक के नामांकित व्यक्ति को पारिवारिक पेंशन के रूप में दिया जाएगा।
अगर किसी कर्मचारी की सेवा के दौरान मृत्यु हो जाती है, तो सेवा की अवधि को ध्यान में रखते हुए अधिकतम 25 लाख रुपये तक दिए जाएंगे। मुख्यमंत्री ने एक आधिकारिक बयान में कहा कि नई सुनिश्चित पेंशन योजना के लागू होने के बाद सेवानिवृत्त होने वाले सभी लोगों को न्यूनतम पेंशन प्रदान की जाएगी। तमिलनाडु सुनिश्चित पेंशन योजना (TAPS) के लागू होने से पहले अंशदायी पेंशन योजना के तहत सरकारी सेवा से सेवानिवृत्त होने वाले लोगों को विशेष अनुकंपा पेंशन दी जाएगी।
टीएपीएस के लिए तमिलनाडु सरकार को पेंशन फंड में अतिरिक्त 13,000 करोड़ रुपये देने होंगे। साथ ही सालाना तौर पर टीएपीएस के कार्यान्वयन में सरकार के योगदान के रूप में लगभग 11,000 करोड़ रुपये का खर्च आएगा।
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अकादमिक योग्यताः अंकित ओझा ने प्रारंभिक शिक्षा नवोदय विद्यालय से पूरी करने के बाद जामिया मिल्ल्लिया इस्लामिया से पत्रकारिता में ही ग्रैजुएशन किया है। इसके बाद भारतीय जनसंचार संस्थान (IIMC) से पोस्ट ग्रैजुएट डिप्लोमा और कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय से मास कम्युनिकेशन में एमए किया है। जामिया में अध्ययन के दौरान ही इटैलियन और उर्दू भाषा में भी कोर्स किए हैं। इसके अलावा पंजाबी भाषा की भी अच्छी समझ रखते हैं। विश्वविद्यालय में NCC का 'C सर्टिफिकेट' भी प्राप्त किया है। IIMC और ऑक्सफर्ड से स्वास्थ्य पत्रकारिता का सर्टिफिकेट भी प्राप्त किया है।
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