हार की पूरी जिम्मेदारी मेरी; स्टालिन ने DMK कार्यकर्ताओं में भरा जोश, CM विजय पर कही ये बात

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Tamil Nadu Politics: तमिलनाडु विधानसभा चुनाव 2026 में मिली हार के बाद डीएमके अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री एमके स्टालिन ने गुरुवार को कहा कि उनका गठबंधन कमजोर नहीं हुआ है और तमिलनाडु की जनता अब भी डीएमके पर भरोसा करती है।

हार की पूरी जिम्मेदारी मेरी; स्टालिन ने DMK कार्यकर्ताओं में भरा जोश, CM विजय पर कही ये बात

तमिलनाडु विधानसभा चुनाव 2026 में मिली हार के बाद डीएमके अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री एमके स्टालिन ने गुरुवार को कहा कि उनका गठबंधन कमजोर नहीं हुआ है और तमिलनाडु की जनता अब भी डीएमके पर भरोसा करती है। स्टालिन ने पार्टी मुख्यालय अन्ना अरिवलयम में जिला सचिवों को संबोधित करते हुए स्पष्ट कहा कि मैं इस हार की पूरी जिम्मेदारी लेता हूं। इस दौरान उन्होंने घोषणा की कि चुनावी हार के कारणों का गहन विश्लेषण करने के लिए एक विशेष पैनल गठित किया जाएगा, जो 20 दिनों के अंदर रिपोर्ट सौंपेगा।

संबोधन के दौरान स्टालिन ने एआईएडीएमके पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि डीएमके इतनी परिपक्व पार्टी है कि वह अपने विधायकों को रिसॉर्ट में छिपाने की जरूरत नहीं समझती। उनका इशारा एआईएडीएमके की ओर था, जिसने चुनाव परिणामों के बाद अपने नवनिर्वाचित विधायकों को पुडुचेरी के एक रिसॉर्ट में ठहराया था।

कोई पार्टी अकेले नहीं बना पाई सरकार

स्टालिन ने कहा कि किसी भी पार्टी को अकेले बहुमत नहीं मिला है। सी जोसेफ विजय के नेतृत्व वाली सरकार वामपंथी दलों, वीसीके और आईयूएमएल के समर्थन से सत्ता में आई है। उन्होंने सहयोगियों द्वारा टीवीके को बिना शर्त समर्थन दिए जाने का भी उल्लेख किया। उन्होंने आंकड़े देते हुए बताया कि इस बार हमने 59 सीटें जीती हैं। सहयोगी दलों की सीटों को जोड़ दें तो कुल 73 हो जाती हैं। स्टालिन ने कहा कि सफलता और असफलता चुनाव का अंग हैं, ठीक वैसे ही जैसे जीवन में उतार-चढ़ाव आते रहते हैं।

हमने विधायकों को रिसॉर्ट में नहीं छिपाया

एआईएडीएमके की आलोचना करते हुए स्टालिन ने कहा कि हम डर के मारे अपने विधायकों को रिसॉर्ट या स्टार होटलों में नहीं ठहराते। हम हार का सामना करने का साहस रखते हैं। उन्होंने पिछले पांच वर्षों में अपनी सरकार के जनकल्याण कार्यों का भी जिक्र किया। स्टालिन ने आगे कहा कि सत्ता में वापसी न हो पाने के लिए मैं किसी को दोष नहीं देना चाहता। पार्टी अध्यक्ष के नाते मैं इस हार की जिम्मेदारी लेता हूं। जब जीत पर गर्व कर सकते हैं तो हार की जिम्मेदारी लेने में क्या बुराई है?

फ्लोर टेस्ट का जिक्र

विधानसभा में मंगलवार को हुए विश्वास मत का उल्लेख करते हुए स्टालिन ने बताया कि टीवीके सरकार ने 144 वोटों से फ्लोर टेस्ट जीत लिया। एआईएडीएमके के 25 विधायकों ने सरकार के पक्ष में वोट किया। स्टालिन ने कहा कि एआईएडीएमके के अंदर चल रहे विभाजन को देखते हुए भविष्य का अनुमान लगाना मुश्किल है। इसलिए डीएमके को विधानसभा में मजबूती से और प्रभावी तरीके से विपक्ष की भूमिका निभानी होगी।

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Devendra Kasyap

लेखक के बारे में

Devendra Kasyap

देवेन्द्र कश्यप पिछले 13 वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अगस्त 2025 से वह लाइव हिन्दुस्तान (हिन्दुस्तान टाइम्स ग्रुप) में चीफ कंटेंट प्रोड्यूसर के पद पर कार्यरत हैं। संस्थान की होम टीम का वह एक अहम हिस्सा हैं। राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रमों पर उनकी पैनी नजर रहती है। वायरल कंटेंट के साथ-साथ लीक से हटकर और प्रभावशाली खबरों में उनकी विशेष रुचि है।

देवेन्द्र ने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत वर्ष 2013 में महुआ न्यूज से की। करियर के शुरुआती दौर में उन्होंने बिहार की राजधानी पटना में रिपोर्टिंग की। इस दौरान राजनीति के साथ-साथ क्राइम और शिक्षा बीट पर भी काम किया। इसके बाद उन्होंने जी न्यूज (बिहार-झारखंड) में अपनी सेवाएं दीं। वर्ष 2015 में ईनाडु इंडिया के साथ डिजिटल मीडिया में कदम रखा। इसके बाद राजस्थान पत्रिका, ईटीवी भारत और नवभारत टाइम्स ऑनलाइन जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में कार्य किया।

मूल रूप से बिहार के भोजपुरी बेल्ट रोहतास जिले के रहने वाले देवेन्द्र कश्यप ने अपनी प्रारंभिक और उच्च शिक्षा पटना से प्राप्त की। उन्होंने पटना विश्वविद्यालय से राजनीति विज्ञान में स्नातक की डिग्री हासिल की और MCU भोपाल से पत्रकारिता में डिप्लोमा किया। वर्तमान में वह उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में प्रवास कर रहे हैं।

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