किशोरी से दुष्कर्म के दोषी को 10 साल की सजा
कोर्ट ने किशोरी के अपहरण और दुष्कर्म के मामले में आरोपी सत्यप्रकाश को दोषी ठहराया है। दोषी को दस साल की सजा और 40,000 रुपये के अर्थदंड से दंडित किया गया है। अर्थदंड का आधा हिस्सा पीड़िता को दिया जाएगा। यह मामला 15 अप्रैल 2023 को हुआ था और पुलिस ने आरोपी को पकड़ा था।

किशोरी के अपहरण और दुष्कर्म के मामले में कोर्ट ने आरोपी को दोषी माना। दोषी को दस साल की सजा सुनाई है साथ ही अर्थदंड से दंडित किया गया है। अर्थदंड अदा नहीं करने पर दोषी को अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी। अर्थदंड से आई धनराशि में आधी धनराशि पीड़िता को दी जाएगी। एडीजीसी प्रदीप गुप्ता के अनुसार मामला 15 अप्रैल 2023 का है। मारहरा थाना क्षेत्र के एक गांव निवासी पिता ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी जिसमें बताया कि बेटी मेला देखने गई थी। जानकारी करने के बाद पिता ने आरोपी सत्यप्रकाश उर्फ फौजी पुत्र नाथूराम निवासी सिरसाबदन थाना मारहरा के विरूद्ध रिपोर्ट दर्ज कराई है।
पुलिस ने मामले की जांच शुरू करते हुए किशोरी को बरामद किया था। विवेचना के दौरान किशोरी के बयानों और मेडिकल रिपोर्ट के आधार पर मामले में दुष्कर्म की धारा भी बढ़ाई गई थी। पुलिस ने विवेचना पूरी करने के बाद आरोपी के विरुद्ध न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल किया।बुधवार को दोनों पक्ष की दलील सुनने के बाद विशेष न्यायाधीश रेप एंड पॉक्सो एक्ट सारिका गोयल ने साक्ष्यों और गवाहों के बयानों के आधार पर आरोपी को दोषी माना। दोषी को दस साल की सजा सुनाई है साथ ही 40 हजार रुपये के अर्थदंड से भी दंडित किया। अर्थदंड जमा न करने पर अतिरिक्त सजा काटनी होगी। अर्थदंड से आई आधी धनराशि पीड़िता को दी जाएगी।


