बैराज से गंडक नदी में 1.44 लाख क्यूसेक पानी डिस्चार्ज
महराजगंज में मौसम में बदलाव के कारण नेपाल और पहाड़ी क्षेत्रों की सीमावर्ती नदियों के जल स्तर में उतार-चढ़ाव जारी है। गंडक बैराज से शनिवार को पानी के डिस्चार्ज में 47,300 क्यूसेक की वृद्धि दर्ज की गई, जबकि रोहिन नदी का जलस्तर अन्य नदियों की तुलना में घटा है। सभी तटबंध सुरक्षित हैं और स्थिति नियंत्रण में है।

महराजगंज, हिन्दुस्तान टीम। नेपाल व पहाड़ी इलाकों में मौसम के मिजाज को देखते हुए सीमावर्ती नदियों के जलस्तर व डिस्चार्ज में उतार-चढ़ाव जारी है। शनिवार को गंडक बैराज वाल्मीकिनगर से पानी के डिस्चार्ज में बीते आठ घंटों के दौरान 47 हजार 300 क्यूसेक अधिक पानी डिस्चार्ज हुआ है। बाढ़ कंट्रोल रूम के मुताबिक गंडक बैराज से शनिवार सुबह 8 बजे 97 हजार 500 क्यूसेक पानी डिस्चार्ज हुआ था। शाम 4 बजे बढ़कर यह 1 लाख 44 हजार 800 क्यूसेक पहुंच गया। पिछले आठ घंटों में डिस्चार्ज में 47 हजार 300 क्यूसेक की बड़ी बढ़ोतरी दर्ज की गई है।रोहिन बैराज रतनपुर से सुबह 8 बजे रोहिन नदी 700 क्यूसेक पानी डिस्चार्ज हुआ था।
शाम 4 बजे बढ़कर 886 क्यूसेक हो गया। इसमें 8 घंटे के भीतर 186 क्यूसेक की वृद्धि हुई है।गंडक के डिस्चार्ज में इजाफे के विपरीत त्रिमुहानी घाट पर रोहिन नदी का जलस्तर सुबह के 78.95 मीटर से घटकर शाम को 78.93 मीटर पर आ गया। रिगौली बांध पर राप्ती नदी का जलस्तर भी 76.54 मीटर से घटकर 76.53 मीटर दर्ज किया गया। प्यास नदी का जलस्तर भी 101.20 मीटर से घटकर 101.00 मीटर पर आ गया है, जबकि महाव नाला 6 फीट से घटकर 5 फीट पर बह रहा है। सिंचाई खंड द्वितीय के अधिशासी अभियंता राजीव कपिल ने बताया कि नदियों के जलस्तर की लगातार निगरानी की जा रही है। सभी तटबंध पूरी तरह सुरक्षित हैं। स्थिति नियंत्रण में है।


