जिले के 1.70 लाख राशन कार्ड संदिग्ध, अनुमंडल से कार्रवाई लटकी
खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्रालय ने मुजफ्फरपुर जिले के 1.70 लाख राशन कार्ड को संदिग्ध श्रेणी में डाला है। इनका सत्यापन कर इन्हें रद्द करने का आदेश दिया गया है। दोनों अनुमंडल में जांच शिथिल है, सचिव ने नाराजगी जताते हुए एक सप्ताह में कार्रवाई का आदेश दिया है।

मुजफ्फरपुर, विशेष संवाददाता। खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्रालय ने जिले के 1.70 लाख राशन कार्ड को संदिग्ध श्रेणी में डाला है। मंत्रालय ने इन संदिग्ध राशन कार्ड का सत्यापन कर इन्हें रद्द करने का आदेश जारी किया है, लेकिन दोनों ही अनुमंडल में अवैध राशन कार्ड की जांच और कार्रवाई शिथिल पड़ी है। विभागीय सचिव ने इसपर गहरी नाराजगी जताते हुए दोनों एसडीओ को एक सप्ताह में सत्यापन कर कार्रवाई का आदेश दिया है।
सत्यापन आदेश
खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग के सचिव दीपक आनंद ने विभाग की समीक्षा की है। समीक्षा में बताया गया है कि केंद्र सरकार ने मुजफ्फरपुर जिले के 1.70 लाख राशन कार्ड को संदिग्ध की श्रेणी में डाल रखा है। ये राशनकार्डधारी अपात्र हैं, लेकिन योजना का लाभ सालों से उठा रहे हैं। मंत्रालय ने इन चिह्नित राशन कार्डधारियों का सत्यापन करने और सत्यापन में लाभार्थी के अपात्र पाए जाने पर राशन कार्ड रद्द करने का आदेश दिया है।
जांच में देरी
समीक्षा में यह बात सामने आई के जिले के पूर्वी अनुमंडल में कुल 89,666 राशनकार्ड संदिग्ध पाए गए, जिनपर कार्रवाई करनी थी। लेकिन, आदेश जारी होने के छह माह बाद भी पूर्वी अनुमंडल में महज 2,3966 राशन कार्डधारियों का सत्यापन हुआ और राशन कार्ड रद्द किए गए। इसी तरह पश्चिमी अनुमंडल में कुल 78,202 राशनकार्ड को संदिग्ध की श्रेणी में डाला गया। लेकिन, छह माह बाद अब तक महज 28,651 राशन कार्ड रद्द किए गए हैं। विभागीय सचिव ने इसपर चिंता जताते हुए गहरा क्षोभ व्यक्त किया है और दोनों एसडीओ को हफ्तेभर में सभी संदिग्ध राशन कार्डधारियों का सत्यापन करने और अपात्र लाभार्थियों के कार्ड रद्द करने का आदेश दिया है。
सहयोग शिविर
सहयोग शिविर में राशन कार्ड के 12972 आवेदन आए
सचिव ने समीक्षा में बताया है कि राज्य के प्रत्येक जिले में लग रहे जन कल्याण सहयोग शिविर में भी राशन कार्ड के आवेदन बड़ी संख्या में आ रहे हैं। अब तक के शिविर में कुल 12,972 आवेदन आए हैं, जिनमें से 8,978 का ही निष्पादन हुआ है। सचिव ने कहा कि शेष 3510 आवेदन पर अधिकारी एक सप्ताह में निर्णय लें और आगे आयोजित होने वाले शिविरों में आए राशन कार्ड के आवेदनों का निष्पादन प्राथमिकता के आधार पर करें।
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