दिल्ली कोर्ट के आदेश पर सफीपुर से कारोबारी गिरफ्तार
उन्नाव में एक कारोबारी प्रियांक गौर को 6 साल पुराने भुगतान विवाद में गिरफ्तार किया गया है। दिल्ली कोर्ट के आदेश पर कार्रवाई की गई है, जहां आरोपी को भगोड़ा घोषित किया गया था। बेस्ट एग्रोलाइफ लिमिटेड का 3.50 लाख रुपये का बकाया भुगतान नहीं करने पर कंपनी ने कानूनी कार्रवाई की थी।

उन्नाव, संवाददाता। छह साल पुराने भुगतान विवाद मामले में कानूनी शिकंजा कस गया है। दिल्ली कोर्ट के आदेश पर राजधानी पुलिस ने उन्नाव के सफीपुर थाना क्षेत्र से एक कारोबारी को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी को पहले ही कोर्ट से भगोड़ा घोषित किया जा चुका था। उसके बाद यह कार्रवाई अमल में लाई गई। सफीपुर कस्बा के प्रियांक गौर एम/एस बालाजी कृषि सेवा केंद्र के प्रोपराइटर हैं। उनके खिलाफ बेस्ट एग्रोलाइफ लिमिटेड ने लगभग 3.50 लाख रुपये की बकाया राशि को लेकर कानूनी कार्रवाई शुरू की गई थी। कंपनी का आरोप है कि 2017 से लंबित भुगतान को लेकर कई बार संपर्क और प्रयास किए गए, लेकिन कोई संतोषजनक परिणाम नहीं निकला।
आखिरकार 2023 में कंपनी ने दिल्ली की अदालत का दरवाजा खटखटाया। सुनवाई दौरान कोर्ट ने आरोपी को कई बार उपस्थित होने के अवसर दिए। विधिक प्रक्रिया के तहत नोटिस और अन्य दस्तावेज भी तामील कराए गए। मगर इसके बाद प्रियांक गौर कोर्ट में पेश नहीं हुए। कोर्ट ने मामले में उपलब्ध साक्ष्यों, प्रक्रिया सर्वर की रिपोर्ट और अन्य दस्तावेजों का परीक्षण किया। जांच में यह सामने आया कि आरोपी लगातार न्यायिक प्रक्रिया से बचने का प्रयास कर रहा है। इस पर कड़ा रुख अपनाते हुए कोर्ट ने उसे भगोड़ा घोषित कर गिरफ्तारी सहित आवश्यक कानूनी कार्रवाई के आदेश जारी किए। कोर्ट के निर्देशों के अनुपालन में दिल्ली पुलिस की एक टीम उन्नाव पहुंची। यहां सफीपुर पुलिस के सहयोग से आरोपी की तलाश शुरू की गई। पुलिस टीम ने सफीपुर क्षेत्र में संभावित ठिकानों पर दबिश दी और दो जुलाई को प्रियांक गौर को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद आरोपी को पुलिस अभिरक्षा में लेकर आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। संबंधित अधिकारियों के अनुसार, आरोपी को जल्द ही दिल्ली की कोर्ट में पेश किया जाएगा, जहां आगे की कार्रवाई कोर्ट के निर्देशानुसार होगी। साथ ही, गिरफ्तारी और कार्रवाई से संबंधित अनुपालन रिपोर्ट भी कोर्ट में पेश की जाएगी।


