इलाहाबाद विश्वविद्यालय में हंगामे पर चार छात्रों समेत पांच नामजद
प्रयागराज में इलाहाबाद विश्वविद्यालय के छात्रों ने प्रशासनिक अधिकारियों के खिलाफ प्रदर्शन किया। छात्रों ने परिसर की चहारदीवारी फांदकर प्रवेश किया और नारेबाजी की। इस दौरान शैक्षणिक गतिविधियाँ प्रभावित हुईं। प्रशासन ने चार छात्रों को निलंबित कर परिसर में प्रवेश वर्जित कर दिया है और पुलिस ने केस दर्ज किया है।

प्रयागराज, वरिष्ठ संवाददाता। इलाहाबाद विश्वविद्यालय के परिसर में तीन दिन पहले छात्रों के प्रदर्शन और हंगामे के मामले में विश्वविद्यालय प्रशासन ने कर्नलगंज थाने में चार छात्रों समेत पांच नामजद और अन्य अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है। आरोप है कि प्रदर्शनकारियों ने चहारदीवारी फांदकर परिसर में प्रवेश किया। प्रशासनिक अधिकारियों की प्रतीकात्मक शवयात्रा निकालकर नारेबाजी और धरना-प्रदर्शन किया। इससे परिसर में अराजकता फैलाने से शैक्षणिक गतिविधियों बाधित हुई। विवि प्रशासन ने आरोपी छात्रों को निलंबित कर परिसर में प्रवेश वर्जित कर दिया है।प्रभारी कुलानुशासक डॉ. अतुल नारायण सिंह की तहरीर के अनुसार, 28 जुलाई की दोपहर कुछ छात्र और बाहरी लोग सीनेट परिसर की चहारदीवारी फांदकर अंदर घुस आए।
आरोप है कि उन्होंने विश्वविद्यालय के प्रशासनिक अधिकारियों की प्रतीकात्मक शवयात्रा निकालकर पूरे परिसर में घूम-घूमकर नारेबाजी की और धरना-प्रदर्शन किया। इस दौरान शांतिपूर्वक संचालित कक्षाएं प्रभावित हुईं। विवि की संपत्ति को नुकसान पहुंचाने का भी प्रयास किया गया। जांच के दौरान सीसीटीवी फुटेज और अन्य उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर बीए द्वितीय वर्ष के छात्र आयुष यादव निवासी आजमगढ़ और एएम के छात्र आशुतोष मौर्य निवासी आजमगढ़, अमित यादव निवासी उमरिया, मध्य प्रदेश और गौरव कुमार निवासी सोनभद्र के अलावा पूर्व छात्र प्रियांशु भुर्तिया निवासी रीवा मध्य प्रदेश की पहचान हुई। कर्नलगंज पुलिस ने विश्वविद्यालय प्रशासन की तहरीर पर मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।


