एआई की भूमिका 'दोधारी तलवार' के समान : सीतारमण
केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने एआई को ‘दोधारी तलवार’ बताते हुए कहा कि यह वित्तीय धोखाधड़ी का पता लगाने में मदद करता है, लेकिन साइबर हमलों को जटिल बनाता है। उन्होंने कहा कि नवाचार के साथ सुरक्षा व्यवस्था को भी मजबूत करना जरूरी है।

मुंबई, एजेंसी। केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने एआई को ‘दोधारी तलवार’ बताते हुए कहा कि इससे जहां वित्तीय धोखाधड़ी का तेजी से पता लगाने में मदद मिल रही है वहीं साइबर हमलों को अधिक जटिल और बड़े पैमाने पर अंजाम देने की क्षमता भी बढ़ रही है। उन्होंने कहा कि एआई के दौर में नवाचार को बढ़ावा देने के साथ मजबूत सुरक्षा व्यवस्था तैयार करना जरूरी है। वैश्विक फिनटेक सम्मेलन के समापन सत्र में सीतारमण ने कहा कि देश को ऐसी व्यवस्था बनानी होगी जिसमें तेजी से तकनीकी विकास के साथ भरोसा भी कायम रहे। उन्होंने कहा कि डर के कारण नवाचार को रोकना और तेजी के कारण सुरक्षा से समझौता करना दोनों ही उचित नहीं हैं।
वित्तीय धोखाधड़ी का पता लगाना
वित्त मंत्री ने कहा कि एआई से वित्तीय क्षेत्र में धोखाधड़ी की पहचान और रोकथाम अधिक प्रभावी हो सकती है, लेकिन यही तकनीक हमलावरों को पहले से अधिक बड़े और जटिल साइबर हमले करने में सक्षम बना सकती है। इसलिए सुरक्षा उपायों को तकनीकी बदलाव के साथ लगातार उन्नत करना होगा।
क्वांटम कंप्यूटिंग और सुरक्षा
उन्होंने क्वांटम कंप्यूटिंग के बढ़ते इस्तेमाल का भी जिक्र किया। सीतारमण ने कहा कि पारंपरिक सुरक्षा और एन्क्रिप्शन प्रणालियों को समय रहते मजबूत करना जरूरी है, क्योंकि नई तकनीक मौजूदा सुरक्षा उपायों को अप्रासंगिक बना सकती है।
नियमन और निगरानी
उन्होंने कहा कि नियमन का उद्देश्य अनावश्यक प्रक्रियगत अड़चनें पैदा करना नहीं होना चाहिए। इसके बजाय मानवीय निगरानी, जरूरी जांच और आपात स्थिति में व्यवस्था को रोकने वाले सुरक्षा उपायों को मजबूत किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि कार्यक्षमता और सुरक्षा एक-दूसरे के विरोधी लक्ष्य नहीं हैं बल्कि मजबूत संस्थागत व्यवस्था दोनों को साथ लेकर चल सकती है।


