पुराछात्रों ने साझा किए विचार
प्रयागराज में ट्रिपलआईटी के पुराछात्र सम्मेलन में पुरा छात्रों ने विचार किए। अंशुमान पाट्रो ने व्यवसाय निर्माण और फिजिकल एआई पर बातचीत की। उन्होंने मार्क जुकरबर्ग और माइकल डेल का उदाहरण दिया। सौमित्र गोविल ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के प्रभाव पर प्रकाश डाला, जबकि डॉ. शीतला प्रसाद ने संस्थान से जुड़ी अपनी यादें साझा की।

प्रयागराज। ट्रिपलआईटी के पुराछात्र सम्मेलन में पुरा छात्रों ने विचार व्यक्त किए। टूमूकी हेल्थ प्राइवेट लिमिटेड के निदेशक अंशुमान पाट्रो ने विद्यार्थियों से बातचीत में व्यवसाय निर्माण और फिजिकल एआई पर चर्चा की। मार्क जुकरबर्ग और माइकल डेल का उदाहरण देते हुए उन्होंने बताया कि इन उद्यमियों में सीखने, जोखिम लेने और लगातार नवाचार करने की क्षमता जैसे गुण समान रहे हैं। डेलॉइट कंसल्टिंग के साइबर सिक्योरिटी इंजीनियरिंग मैनेजर एवं पुराछात्र सौमित्र बालेश्वर गोविल ने कहा कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का प्रभाव तेजी से बढ़ रहा है और आने वाली पीढ़ी तकनीक के साथ ही आगे बढ़ेगी। आईआईटी गोवा के सहायक प्रोफेसर डॉ. शीतला प्रसाद ने विद्यार्थियों से बातचीत में ट्रिपलआईटी से जुड़ी अपनी यादें साझा कीं।
भारत मौसम विज्ञान विभाग के वैज्ञानिक-ई और ट्रिपलआईटी के एमटेक पूर्व छात्र डॉ. रमेश रागला ने विद्यार्थियों से संवाद में अपनी पूरी यात्रा साझा की। उन्होंने इसे संस्थान में आने से पहले, पढ़ाई के दौरान और संस्थान से निकलने के बाद तीन चरणों में बताया।


