बच्चों के सीखने की क्षमता के अनुरूप पढ़ाने की ट्रेनिंग

हिन्दुस्तान, मुजफ्फरपुर
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मुजफ्फरपुर में रामबाग डायट में बच्चों की सीखने की क्षमता के अनुसार शिक्षण उपलब्ध कराने के उद्देश्य से 64 मास्टर ट्रेनरों को चार दिनों का प्रशिक्षण दिया गया। इसका लक्ष्य कक्षा 4 से 8 तक के बच्चों को उनकी दक्षता के अनुसार समूहबद्ध करना और लक्षित शिक्षण गतिविधियों का संचालन करना है।

बच्चों के सीखने की क्षमता के अनुरूप पढ़ाने की ट्रेनिंग

मुजफ्फरपुर, प्रमुख संवाददाता। बच्चों को उनकी वास्तविक सीखने की क्षमता के अनुरूप शिक्षण उपलब्ध कराने के उद्देश्य से रामबाग डायट में आयोजित प्रशिक्षण का समापन शुक्रवार को हो गया। बिहार शिक्षा परियोजना के निर्देश के तहत जिले के सभी 16 प्रखंडों के 64 मास्टर ट्रेनरों को चार दिनों का प्रशिक्षण दिया गया।

प्रशिक्षण का उद्देश्य

इसका उद्देश्य कक्षा 4 से 8 तक के बच्चों की भाषा एवं गणित विषयों में वर्तमान दक्षता का आकलन कर उन्हें उनके सीखने के स्तर के अनुरूप समूहबद्ध करना है। उसी स्तर से आगे बढ़ाने के लिए लक्षित शिक्षण गतिविधियों का संचालन करना है। इस प्रक्रिया के माध्यम से बच्चों को उनकी आवश्यकता के अनुरूप सीखने का अवसर उपलब्ध कराया जाना है।

प्रशिक्षण की प्रक्रिया

प्रशिक्षण के दौरान मास्टर ट्रेनरों को बच्चों के सीखने के स्तर का आकलन, स्तरानुसार समूह निर्माण तथा भाषा एवं गणित में सीखने के अनुरूप शिक्षण आधारित पढ़ाने की प्रक्रिया से अवगत कराया गया। विद्यालय स्तर पर इसके प्रभावी क्रियान्वयन, निर्धारित शिक्षण गतिविधियों तथा बच्चों की प्रगति की निगरानी पर भी विशेष रूप से चर्चा की गई। रिसोर्सपर्सन केशव कुमार, पप्पू कुमार पंकज, कुमार अभिषेक एवं अभिषेक कुमार ने मास्टर ट्रेनरों को प्रशिक्षण दिया। विद्यालय स्तर पर सर्वप्रथम बच्चों की दक्षता का आकलन कर उन्हें उनके वर्तमान सीखने के स्तर के अनुरूप समूहों में विभाजित किया जाएगा। इसके बाद निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार 21 दिनों तक भाषा एवं गणित में लक्षित शिक्षण संचालित किया जाएगा।

सामान्य प्रश्न

✦इस प्रशिक्षण में कितने मास्टर ट्रेनरों को शामिल किया गया?−
इस प्रशिक्षण में जिले के सभी 16 प्रखंडों के 64 मास्टर ट्रेनरों को शामिल किया गया।
Hindustan | Bureau

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