91 घंटे बाद तीन किमी दूर मिला साहिल का शव
गाजीपुर के औगासी यमुना घाट पर श्रीकृष्ण की मूर्ति विसर्जन के समय दो भाई डूब गए। बड़े भाई साहिल का शव 91 घंटे बाद गोकन में मिला, जबकि दूसरे भाई वासू की तलाश जारी है। परिवार में कोहराम मचा है। प्रशासन सर्च ऑपरेशन में जुटा है।

गाजीपुर, संवाददाता। औगासी यमुना घाट पर श्रीकृष्ण की मूर्ति विसर्जन के बाद नहाते समय डूबे दो सगे भाइयों में से एक का शव 91 घंटे बाद बरामद हो गया है। शव घटनास्थल से करीब तीन किलोमीटर दूर गोकन स्थित कछार क्षेत्र में मिला है। शव मिलने की सूचना पर परिजनों में कोहराम मच गया। वहीं दूसरे भाई की तलाश में सर्च आपरेशन जारी है।गाजीपुर निवासी मनोज वाल्मीकि के तीन बेटे शुक्रवार को ग्रामीणों के साथ औगासी घाट पर मूर्ति विसर्जन करने गए थे। विसर्जन के बाद नदी में नहाते समय छोटा बेटा वासू गहरे पानी में डूबने लगा था। उसे बचाने के प्रयास में साहिल भी नदी में उतर गया और तेज बहाव व गहराई के कारण दोनों पानी में समा गए थे।
हादसे के बाद से स्थानीय प्रशासन, गोताखोर और जल पुलिस की टीमें लगातार दोनों भाइयों की तलाश में जुटी थीं। करीब चार दिन तक चले सर्च आपरेशन के बाद मंगलवार को साहिल का तीन किलोमीटर दूर शव गोकन के कछार क्षेत्र में बरामद हुआ। शव की सूचना मिलते ही परिवार में चीख-पुकार मच गई। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। प्रशासन की टीम अब दूसरे भाई वासू की तलाश में जुटी है।


