प्रेम प्रसंग में लैब टेक्नीशियन और शिक्षिका ने की आत्महत्या, बंद कमरे में मिले शव

हिन्दुस्तान, सहारनपुर
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दिल्ली रोड स्थित स्टेट बैंक कॉलोनी में एक लैब टेक्नीशियन और निजी स्कूल की शिक्षिका के शव मिलने की घटना से सनसनी मच गई है। पुलिस का मानना है कि यह मामला प्रेम संबंध और पारिवारिक असहमति के चलते आत्महत्या का है। पोस्टमार्टम और फोरेंसिक रिपोर्ट से मौत की असली वजह स्पष्ट होगी।

प्रेम प्रसंग में लैब टेक्नीशियन और शिक्षिका ने की आत्महत्या, बंद कमरे में मिले शव

सहारनपुर, वरिष्ठ संवाददाता। दिल्ली रोड स्थित स्टेट बैंक कॉलोनी में बुधवार रात एक लैब टेक्नीशियन और निजी स्कूल की शिक्षिका के शव मिलने से सनसनी फैल गई। पुलिस की शुरुआती जांच में मामला लंबे समय से चले आ रहे प्रेम संबंध और पारिवारिक असहमति के चलते आत्महत्या का माना जा रहा है। हालांकि मौत की वास्तविक वजह पोस्टमार्टम, बिसरा और फोरेंसिक रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट होगी। पुलिस के अनुसार, मूल रूप से केरल निवासी सैम कमनिश (40) दिल्ली रोड स्थित एक निजी अस्पताल में लैब टेक्नीशियन था, जबकि गागलहेड़ी क्षेत्र के रसूलपुर पापड़ेकी निवासी आस्था (23) एक निजी विद्यालय में शिक्षिका थीं। बुधवार सुबह आस्था घर से स्कूल जाने की बात कहकर निकली थीं, लेकिन विद्यालय नहीं पहुंचीं। परिजनों की सूचना पर पुलिस ने जांच शुरू की। अस्पताल के सीसीटीवी फुटेज में दोनों एक कार से जाते दिखाई दिए। चालक से पूछताछ के बाद पुलिस स्टेट बैंक कॉलोनी स्थित सैम के किराये के कमरे तक पहुंची। कमरा अंदर से बंद था। दरवाजा तोड़ने पर सैम का शव खिड़की के सहारे फंदे से लटका मिला। उसके हाथ की नस भी कटी हुई थी। वहीं आस्था का शव फर्श पर पड़ा मिला और मुंह से झाग निकल रहा था। कमरे से दवाइयां, सर्जिकल उपकरण और एक खाली शीशी भी बरामद हुई। जांच में सामने आया कि दोनों करीब चार वर्षों से एक-दूसरे के संपर्क में थे। पुलिस सभी पहलुओं की जांच कर रही है। आस्था का शव परिजनों को सौंप दिया गया है, जबकि सैम के परिजनों के केरल से आने का इंतजार किया जा रहा है。

मामले की प्रथम दृष्टया जांच

0-वर्जन -प्रथम दृष्टया मामला आत्महत्या का प्रतीत होता है। युवती पक्ष की ओर से अभी तक कोई तहरीर नहीं मिली है। कमरे से बरामद दवाओं और अन्य सामग्री की जांच कराई जा रही है। युवती की मौत का कारण स्पष्ट नहीं हो सका है। बिसरा सुरक्षित रखकर जांच के लिए भेजा जाएगा।

अभिनंदन सिंह, एसएसपी, सहारनपुर

प्रेम कहानी का अंत

करीब चार वर्ष पहले आस्था अपनी बीमार मां के इलाज के लिए दिल्ली रोड स्थित निजी अस्पताल आती थीं। इलाज के दौरान उनकी मुलाकात अस्पताल में कार्यरत लैब टेक्नीशियन सैम कमनिश से हुई। बातचीत धीरे-धीरे दोस्ती और फिर प्रेम संबंध में बदल गई। दोनों लगातार संपर्क में रहे। पुलिस जांच में सामने आया है कि परिवार को इस रिश्ते की जानकारी थी और उसे लेकर असहमति भी थी। बताया जा रहा है कि दोनों भविष्य साथ बिताना चाहते थे, लेकिन परिस्थितियां अनुकूल नहीं बन सकीं। पुलिस अब मोबाइल कॉल डिटेल, चैट और डिजिटल साक्ष्यों के जरिए यह जानने का प्रयास कर रही है कि घटना से पहले दोनों के बीच क्या बातचीत हुई थी।

सीसीटीवी फुटेज से खुलासा

आस्था के घर नहीं लौटने पर परिजनों ने पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने सबसे पहले उस निजी अस्पताल में जांच शुरू की, जहां सैम कार्यरत था। सीसीटीवी फुटेज में दोनों एक कार से जाते दिखाई दिए। इसके बाद चालक से पूछताछ की गई। चालक ने बताया कि उसने दोनों को स्टेट बैंक कॉलोनी स्थित किराये के कमरे पर छोड़ा था। पुलिस रात में मौके पर पहुंची तो कमरा अंदर से बंद मिला। कई बार आवाज देने के बाद भी जवाब नहीं मिला। दरवाजा तोड़कर अंदर प्रवेश किया गया, जहां दोनों के शव मिले। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों ने जांच को सही दिशा देने में अहम भूमिका निभाई।

साक्ष्यों की वैज्ञानिक जांच

दर्द निवारक दवा, कटी नस और फंदा... हर साक्ष्य की हो रही वैज्ञानिक जांच सहारनपुर। घटनास्थल से मिले साक्ष्य पुलिस जांच का अहम आधार बने हैं। कमरे से दर्द निवारक दवाओं के रैपर, शीशियां, सर्जिकल उपकरण और अन्य सामग्री बरामद हुई है। प्राथमिक जांच में आशंका जताई जा रही है कि सैम ने पहले दर्द कम करने की दवा ली, फिर हाथ की नस काटी और बाद में फंदा लगा लिया। वहीं युवती की मौत का कारण अभी स्पष्ट नहीं हो पाया है। पुलिस ने बिसरा सुरक्षित रखकर जांच के लिए भेजा है। फोरेंसिक टीम ने घटनास्थल से नमूने भी एकत्र किए हैं। अब पोस्टमार्टम, रासायनिक परीक्षण और फोरेंसिक रिपोर्ट के बाद ही मौत के कारणों की पुष्टि होगी।

परिवार की स्थिति और प्रतिक्रिया

कार्रवाई से पीछे हटे आस्था के पिता, पुलिस को नहीं दी कोई शिकायत घटना के बाद आस्था के पिता रामकिशन ने किसी भी प्रकार की कानूनी कार्रवाई से साफ इनकार कर दिया। बातचीत में उन्होंने केवल इतना कहा कि वह इस मामले में कोई कार्रवाई नहीं कराना चाहते। परिवार के अनुसार आस्था चार भाई-बहनों में चौथे नंबर पर थी। उसकी तीन बड़ी बहनों की शादी हो चुकी है, जबकि उससे छोटा एक भाई है। पिता के इस रुख के बाद मामले में आगे की कार्रवाई को लेकर भी चर्चा बनी रही। हालांकि परिजनों ने घटना पर अधिक कुछ कहने से परहेज किया और पूरे परिवार में शोक का माहौल बना हुआ है।

अधिकतर पूछे जाने वाले प्रश्न

इस घटना में शामिल मृतक की पहचान क्या है?
मृतक सैम कमनिश (40) एक लैब टेक्नीशियन थे और आस्था (23) एक निजी विद्यालय में शिक्षिका थीं।
Parnav Aggarwal

लेखक के बारे में

Parnav Aggarwal

प्रणव अग्रवाल पिछले करीब 15 वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं और वर्तमान में हिन्दुस्तान (हिन्दुस्तान टाइम्स ग्रुप) सहारनपुर में जिला प्रभारी के रूप में कार्यरत हैं। उन्होंने अपने पत्रकारिता जीवन में अपराध, उच्च शिक्षा, चिकित्सा और सामाजिक सरोकारों से जुड़े विषयों पर अनेक महत्वपूर्ण और प्रभावशाली खबरें लिखी हैं।

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