पशु बचाव अभियान में घायल ईएसआई की भी मौत
केएमपी एक्सप्रेसवे पर एक दर्दनाक सड़क हादसे में दो पुलिसकर्मियों की मौत हो गई। ईएसआई मुकेश कुमार का इलाज के दौरान निधन हो गया, जबकि सिपाही गिरीश की मौके पर ही मौत हो गई। दोनों पुलिसकर्मी अपराध नियंत्रण ड्यूटी पर थे और रेस्क्यू ऑपरेशन में शामिल थे।

नूंह, सरसमल। केएमपी एक्सप्रेसवे पर पशुओं से भरे कैंटर को पकड़ने के दौरान हुए सड़क हादसे में घायल ईएसआई मुकेश कुमार की उपचार के दौरान मौत हो गई। इससे पहले इसी हादसे में सिपाही गिरीश ने मौके पर ही जान गंवा दी थी। दोनों पुलिसकर्मी ड्यूटी के दौरान बचाव अभियान में शामिल थे। पुलिस प्रवक्ता के अनुसार गुरुवार तड़के सीएस एंड पीओ स्टाफ पुन्हाना की टीम थाना मोहम्मदपुर अहीर क्षेत्र में गांव गोयला के पास गश्त और अपराध नियंत्रण ड्यूटी पर मौजूद थी। इसी दौरान सूचना मिली कि एक कैंटर में पशु भरकर ले जाए जा रहे हैं। सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने केएमपी एक्सप्रेसवे पर नाकाबंदी की और संदिग्ध कैंटर को रोक लिया। कार्रवाई के दौरान चालक को काबू कर लिया गया। उसकी पहचान कानपुर देहात (उत्तर प्रदेश) निवासी रानू सिंह के रूप में हुई। कैंटर की तलाशी में 15 पशु बरामद हुए, जिन्हें मुक्त कराया गया।
हादसे की जानकारी
प्रवक्ता ने बताया कि बरामद कैंटर को सड़क किनारे खड़ा कर सुरक्षा के लिए पार्किंग लाइट, ट्रैफिक कोन और रिफ्लेक्टर लगाए गए थे। इसी दौरान मानेसर की ओर से आ रहे एक तेज रफ्तार ट्रक ने पीछे से कैंटर में टक्कर मार दी। हादसे में ड्यूटी पर तैनात सिपाही गिरीश और ईएसआई मुकेश कुमार उसकी चपेट में आ गए। गंभीर रूप से घायल गिरीश की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि मुकेश कुमार को गुरुग्राम के मेदांता अस्पताल में भर्ती कराया गया था।
पुलिस विभाग में शोक
पुलिस प्रवक्ता ने बताया कि उपचार के दौरान शुक्रवार को मुकेश कुमार ने भी दम तोड़ दिया। गिरीश पलवल जिले के गांव थनतरी के निवासी थे, जबकि मुकेश कुमार फरीदाबाद जिले के गांव फतेहपुर बिलोच के रहने वाले थे। दोनों पुलिसकर्मियों की मौत से पुलिस विभाग में शोक की लहर है।
सामान्य प्रश्न
इस खबर पर आपकी क्या राय है?


