मेरठ में हुए सड़क हादसे में सेनाकलां के कांवडियां की मौत
गांव सेनाकलां से हरिद्वार की झूला कांवड़ यात्रा में एक कांवडियां की दुर्घटना में मौत हो गई। कई अन्य कांवड़िया गंभीर रूप से घायल हैं। मृतक की पत्नी और बेटी भी घटना में घायल हुई हैं। सभी घायलों का उपचार चल रहा है। हादसे ने परिवार में कोहराम मचा दिया है।

गांव सेनाकलां से हरिद्वार के लिए झूला कांवड़ यात्रा में गए एक कांवडियां की हादसे में मौत हो गई। कई कांवड़िया गंभीर रूप से घायल हो गए। युवक की मौत की जानकारी मिलते ही घरवालों में कोहराम मच गया। परिवारीजन हादसे की सूचना मिलते ही रवान हो गए। गांव सेनाकला से 19 अगस्त को करीब 35 कांबडियों का जत्था हरिद्वार के लिए कांवड़ यात्रा लेकर गए थे। हरिद्वार से गुरुवार को को गंगा जल लेकर वापस आ रहे थे, कुछ कांवड़िया झूला कांबड़ के साथ चल रहे थे तो कुछ कांवड़िया पिकअप में बैठक कर कांवड़ यात्रा के साथ चल रहे थे।
शुक्रवार को कांवड़ यात्रा मेरठ के लालकुर्ती थाना लिए क्षेत्र के टैंक चौराहे के समीप पंहुंचे ही थे वही कंटेनर ने पिकअप को रौंद दिया। जिसमें पिकअप में बैठे करीब दर्जन भर से अधिक कांवड़िया गंभीर रूप से घायल हो गए। उपचार के लिए मेरठ मेडिकल कॉलेज में लाया गया। उपचार के दौरान 35 वर्षीय कांवड़िया चन्द्र पाल सिंह पुत्र सिलेटी सिंह की मौत हो गई। मौत की खबर सुन परिवारीजनों में कोहराम मच गया। बताया गया है कि कांवड़ यात्रा में मृतक की पत्नी व बेटी भी साथ थी, वो भी गंभीर रूप से घायल हुई है जिनकी भी हालत गंभीर बताई जा रही है। घायल हुए सभी कांवडियों का उपचार चल रहा है।


