9 किलोमीटर तक खिड़की से लटकते गया मोबाइल उचक्का, यात्रियों ने गजब सिखाया सबक
9 किलोमीटर तक खिड़की से लटकते गया मोबाइल उचक्का, यात्रियों ने गजब सिखाया सबक 9 किलोमीटर तक खिड़की से लटकते गया मोबाइल उचक्का, यात्रियों ने गजब सिखाया सबक

खगड़िया। निज प्रतिनिधि खगड़िया-मानसी रेलखंड पर चलती ट्रेन से यात्री की मोबाइल झपटने में एक उचक्के की जान पर आफत उस समय बन आई, जब यात्रियों ने बोगी के अंदर से उसका हाथ पकड़ लिया। इस बीच मोबाइल झपटमार नौ किलोमीटर तक चलती ट्रेन में खिड़की के बाहर लटके लटके खगड़िया रेलवे स्टेशन तक आया। जहां जीआरपी ने अपने कब्जे में लिया तब उसकी जान में जान आई। मिली जानकारी के अनुसार 13205 अप पूर्णिया कोर्ट-पाटलिपुत्र जनहित एक्सप्रेस ट्रेन मानसी रेलवे जंक्शन से शनिवार की तड़के करीब 1.35 बजे के करीब ज्योंहि खुली आउटर के पास खड़े एक उचक्के ने चलती ट्रेन में खिड़की किनारे बैठे यात्री के हाथ से मोबाइल फोन झपटने की कोशिश की।
पर, सतर्क यात्री ने उचक्के का हाथ पकड़ लिया। जिसके बाद अन्य यात्रियों ने ट्रेन के बाहर खिड़की में लटका उचका के हाथ को ट्रेन के अंदर से अन्य यात्रियों ने भी पकड़ लिया। जिसके बाद उचक्के इसी तरह चलती ट्रेन में खिड़की के बाहर लटके रहे और जान बचाने की गुहार लगाते रहे। इस बीच ट्रेन खगड़िया रेलवे जंक्शन पहुंच गई। इस बीच पकड़े गए उचक्के बार बार अपना नाम और पता गलत बताता रहा था। वही खुद को निर्दोष भी बता रहा था। ट्रेन के खगड़िया पहुंचने पर जीआरपी थानाध्यक्ष और पुलिस बलों ने खिड़की के बाहर लटके आ रहे उचक्के को अपने कब्जे में लेकर थाना लाया। जहां पूछताछ में उसने अपना पता और नाम भागलपुर जिले के नवगछिया थानान्तर्गत मुमताज मुहल्ला के रहने वाले बरकत मंसूरी बताया। उल्लेखनीय है कि कुछ माह पहले भी इसी तरह की घटना खगड़िया बेगूसराय रेलखंड भी सामने आया था। इधर खगड़िया जीआरपी थानाध्यक्ष मो. सलाउद्दीन ने बताया कि पकड़े गए उचक्के के पास से एक मोबाइल भी बरामद किया गया है। मामला दर्ज कर गिरफ्तार आरोपी को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है।


