ट्रेंडिंग न्यूज़

Hindi News देशगैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई का करीबी सुरेंद्र चीकू गिरफ्तार, कोर्ट ने छह दिनों की ईडी हिरासत में भेजा

गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई का करीबी सुरेंद्र चीकू गिरफ्तार, कोर्ट ने छह दिनों की ईडी हिरासत में भेजा

जांच से परिचित अधिकारियों ने कहा कि चीकू जेल में बंद गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई और खालिस्तानी आतंकवादी समूहों का करीबी सहयोगी है। उसे छह दिनों की ईडी हिरासत में भेज दिया गया है।

गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई का करीबी सुरेंद्र चीकू गिरफ्तार, कोर्ट ने छह दिनों की ईडी हिरासत में भेजा
Madan Tiwariएचटी संवाददाता,नई दिल्लीWed, 21 Feb 2024 07:25 PM
ऐप पर पढ़ें

प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने बुधवार को लॉरेंस बिश्नोई के साथ मिलकर काम करने वाले गैंगस्टर सुरेंद्र चीकू को गिरफ्तार किया है। उसने आपराधिक सिंडिकेट द्वारा उत्पन्न अपराध की आय को विभिन्न संपत्तियों में निवेश किया है। उसे पंचकुला की एक अदालत में पेश किया गया, जहां से उसे छह दिन की ईडी हिरासत में भेज दिया। इससे पहले, पिछले साल पांच दिसंबर को वित्तीय अपराध जांच एजेंसी ने हरियाणा में 13 परिसरों पर तलाशी ली थी।

जांच से परिचित अधिकारियों ने कहा कि चीकू जेल में बंद गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई और खालिस्तानी आतंकवादी समूहों का करीबी सहयोगी है। उन्होंने कहा कि यह देखा गया है कि (चीकू) गिरोह ने बिना किसी पंजीकृत विलेख के बेचने के लिए विभिन्न बैनामे या समझौते किए और इन संपत्तियों पर कब्जा ले लिया। हमें ऐसी 13 संपत्तियों के दस्तावेज़ मिले हैं।

एजेंसी के अधिकारियों ने कहा कि उनकी जांच से पता चला है कि चीकू ने अपराध से प्राप्त आय को खनन, शराब और टोल में निवेश किया था। एक दूसरे अधिकारी ने कहा कि यह पता चला कि दो व्यक्ति - सतीश कुमार और विकास कुमार खनन में शामिल दो कंपनियों के निदेशक हैं। चीकू ने अपना अवैध रूप से कमाया हुआ पैसा इन दोनों कंपनियों के माध्यम से निवेश किया है।

बता दें कि लॉरेंस बिश्नोई उत्तर भारत स्थित गैंगस्टरों में प्रमुख है और सिंडिकेट में लगभग 700 सदस्यों का सबसे बड़ा नेटवर्क चलाता है। वह 2015 से जेल में बंद है और उसके खिलाफ अदालतों में कई मामले होने के कारण उसे अक्सर दिल्ली और पंजाब की जेलों में भेजा जाता रहा है। राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) पहले से ही देश के विभिन्न हिस्सों और विदेशों में बिश्नोई गिरोह की गतिविधियों की जांच कर रही है, जिसमें खालिस्तान समर्थक तत्वों (पीकेई) के साथ संबंध भी शामिल है।

हिन्दुस्तान का वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें