मध्य प्रदेश : घरों को गिराने पर यथास्थिति का आदेश
सुप्रीम कोर्ट ने मध्य प्रदेश के खंडवा में घरों को गिराने के मामले में यथास्थिति बनाए रखने का आदेश दिया। मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत और अन्य न्यायाधीशों ने याचिकाकर्ता की याचिका पर सुनवाई के लिए राहत दी। यह आदेश तब तक लागू रहेगा जब तक कोर्ट में मामले की सुनवाई नहीं होती।

सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को मध्य प्रदेश के खंडवा में घरों को गिराने के मामले में यथास्थिति बनाए रखने का आदेश दिया। मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत और जस्टिस जॉयमाल्या बागची और वी. मोहना की पीठ ने यह राहत तब दी जब याचिकाकर्ताओं की ओर से पेश वकील निजाम पाशा ने हाईकोर्ट के घरों को गिराने के आदेश के बाद कोर्ट से तुरंत दखल देने की मांग की। पाशा ने पीठ से कहा कि हाईकोर्ट ने हमें कोई राहत नहीं दी है। लोग 40 से ज्यादा सालों से वहां रह रहे हैं। कृपया हमें तब तक सुरक्षा दें जब तक कि इस कोर्ट में हमारी याचिका पर सुनवाई न हो जाए।
पीठ ने पूछा कि हाईकोर्ट ने किन आधारों पर याचिका खारिज की थी। पाशा ने जवाब दिया कि हाईकोर्ट ने एक वैकल्पिक उपाय बताया था, जिसमें कहा गया था कि प्रभावित निवासी कहीं और रहने की व्यवस्था कर सकते हैं। इसके बाद शीर्ष अदालत ने आदेश दिया कि मामले को 3 अगस्त, 2026 को सूचीबद्ध करें। तब तक, घरों को गिराने के मामले में यथास्थिति बनाए रखी जाए।


