हाई पावर कमेटी के पास बार काउंसिल चुनाव का मामला
झारखंड स्टेट बार काउंसिल चुनाव में अधिवक्ता महेश तिवारी और प्रयाग महतो के बीच विवाद सुप्रीम कोर्ट पहुंच गया है। कोर्ट ने महतो को हाई पावर अपील कमेटी के समक्ष मामला ले जाने का निर्देश दिया। कमेटी को दो सप्ताह में आदेश पारित करने को कहा गया है।

धनबाद, प्रतिनिधि। झारखंड स्टेट बार काउंसिल चुनाव में अधिवक्ता महेश तिवारी और प्रयाग महतो के बीच निर्वाचन को लेकर छिड़ा विवाद सुप्रीम कोर्ट तक पहुंच चुका है। सुप्रीम कोर्ट में अधिवक्ता प्रयाग महतो की याचिका पर सुनवाई हुई।
हाई पावर अपील कमेटी के समक्ष मामला
सोमवार की सुनवाई के दौरान शीर्ष अदालत ने प्रयाग महतो को यह निर्देश दिया कि वे हाई पावर अपील कमेटी के समक्ष अपना मामला ले जाएं। अदालत ने कमेटी (ट्रिब्यूनल) को निर्देश दिया कि दो सप्ताह में अपना आदेश पारित करें। साथ ही अदालत ने कमेटी को यह भी निर्देश दिया कि बार कौंसिल ऑफ इंडिया के आदेश से बिना प्रभावित हुए अपना आदेश पारित करें। अधिवक्ता प्रयाग महतो की ओर से सुप्रीम कोर्ट की अधिवक्ता कुमुद लता दास ने बहस की। सुप्रीम कोर्ट के चीफ जस्टिस की खंडपीठ में सुनवाई हुई।
कानूनी लड़ाई जारी
अधिवक्ता महेश तिवारी की ओर से अधिवक्ता सुब्रो सान्याल ने बहस की। दरअसल, झारखंड स्टेट बार काउंसिल में अपनी कुर्सी जमाए रखने की कानूनी लड़ाई जारी है। चुनाव के बाद अबतक 23 उम्मीदवारों को सफल घोषित किया जा चुका है, लेकिन गजट नोटिफिकेशन में सिर्फ 22 सदस्यों के नाम की ही घोषणा हुई है। पिछले दिनों हुए गजट नोटिफिकेशन में प्रयाग महतो का नाम शामिल नहीं किया गया। इसके बाद गजट नोटिफिकेशन में शामिल नहीं किए जाने के मामले और बार काउंसिल ऑफ इंडिया के आदेश को चुनौती देते हुए सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया था。


