केंद्र को नोडल अधिकारी नियुक्त करने का आदेश
सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार को रूस-यूक्रेन युद्ध में मारे गए, लापता या घायल लोगों के परिवारों के लिए विदेश मंत्रालय में एक नोडल अफसर नियुक्त करने का निर्देश दिया। कोर्ट ने डीएनए मिलान, मुआवजा दावे और जानकारी स्थानीय भाषाओं में उपलब्ध कराने का भी आदेश दिया।

सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को केंद्र सरकार को विदेश मंत्रालय में एक नोडल अफसर नियुक्त करने का निर्देश दिया। यह अफसर उन लोगों के परिवारों के साथ तालमेल बिठाएगा जो रूस-यूक्रेन युद्ध में लड़ते हुए मारे गए, लापता हो गए या घायल हो गए। मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत और न्यायमूर्ति जॉयमाल्या बागची और न्यायमूर्ति वी. मोहना की पीठ ने विदेश मंत्रालय को यह भी निर्देश दिया कि वह परिवारों के सदस्यों और शवों के बीच डीएनए मैचिंग की सुविधा दे। कोर्ट ने विदेश मंत्रालय से कहा कि वह प्रभावित परिवारों को यहां रूसी दूतावास में मुआवजे का दावा करने में मदद करे और सभी जरूरी जानकारी और अपडेट स्थानीय भाषाओं में उपलब्ध कराए।
पीठ ने राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण (नालसा) और राज्य कानूनी सेवा प्राधिकरणों को भी निर्देश दिया कि वे परिवारों को उनके रिश्तेदारों के शव वापस पाने और मुआवजे का दावा करने में मदद करें।


