सत्यनिकेतन हादसे की सुप्रीम कोर्ट में शुक्रवार को होगी सुनवाई
सुप्रीम कोर्ट ने शनिवार को सत्य निकेतन में निजी छात्रावास की इमारत गिरने से 7 छात्रों की मौत और कई अन्य छात्रों के घायल होने की घटना को 'बेहद गंभीर और चिंताजनक' बताया। शीर्ष कोर्ट ने मामले पर शुक्रवार को विस्तार से सुनवाई करने की बात कही। जस्टिस अहसानुद्दीन और आर. महादेवन की पीठ ने इस पर गंभीरता दिखाई।

सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को सत्य निकेतन में निजी छात्रावास की इमारत गिरने से 7 छात्रों की मौत और कई अन्य छात्रों के घायल होने की घटना को ‘बेहद गंभीर और चिंताजनक बताया। शीर्ष अदालत ने कहा कि इस पर शुक्रवार को विस्तार से सुनवाई होगी। जस्टिस अहसानुद्दीन अमानुल्लाह और आर. महादेवन की पीठ ने यह टिप्पणी तब की, जब रविवार को हुए हादसे की जानकारी देते हुए इस पर तुरंत सुनवाई की मांग की। ऐसे मामलों से जुड़े न्याय मित्र वरिष्ठ अधिवक्ता अजित कुमार सिन्हा ने पीठ के समक्ष सत्य निकेतन हादसे का जिक्र करते हुए सभी निजी हॉस्टल/पीजी की बिल्डिंग और छात्रों के रहने की अन्य जगहों के साइट निरीक्षण और सुरक्षा ऑडिट करने का निर्देश जारी करने की मांग की।
सत्य निकेतन हादसे पर सुनवाई
वरिष्ठ अधिवक्ता सिन्हा ने पीठ के समक्ष कहा कि हाल की दुखद घटना को देखते हुए, उन्होंने आईआईटी के एक प्रोफेसर और दिल्ली नगर निगम (एमसीडी) के अधिकारियों के साथ घटनास्थल का निरीक्षण किया है। उन्होंने इस संबंध में वस्तुस्थिति रिपोर्ट दाखिल की। यह जानकारी देते हुए उन्होंने पीठ से मामले में तत्काल सुनवाई करने का आग्रह किया ताकि जरूरी निर्देश जारी किए जा सकें।


