दावा:देश में कम शिक्षित बुजुर्गों को डिमेंशिया का खतरा सबसे अधिक
लैंसेट की एक स्टडी में पाया गया है कि भारत में डिमेंशिया का प्रमुख कारण बुजुर्गों का कम शिक्षा स्तर है, जिसमें 76.7% लोग प्रभावित हैं। अमेरिका में मोटापा मुख्य कारण है। अध्ययन में 2.14 लाख बुजुर्गों पर शोध किया गया है। भारत में अन्य कारणों में आंखों की रोशनी का कमजोर होना और उच्च रक्तचाप शामिल हैं।

लैंसेट की स्टडी में दावा, भारत में 76.7 फीसदी बुजुर्गों में बीमारी की यह प्रमुख वजह अलग-अलग देशों में वजहें भी अलग हैं
अमेरिका में मोटापा, भारत में कम शिक्षा डिमेंशिया की प्रमुख वजह
दुनियाभर में डिमेंशिया की वजहें अलग-अलग
भारत में केवल 13.3% बुजुर्गों में ही मोटापा डिमेंशिया का कारण
अमेरिका में यह आंकड़ा 45 फीसदी है
कैलिफोर्निया, एजेंसी। भारत में कम शिक्षित बुजुर्गों को डिमेंशिया का सबसे अधिक खतरा है। लैंसेट की स्टडी में दावा किया गया है कि देश में 76.7 फीसदी बुजुर्गों में डिमेंशिया की प्रमुख वजह शिक्षा का कम स्तर होना है। चीन में यह आंकड़ा 85 फीसदी से अधिक है।
शिक्षा से डिमेंशिया का संबंध
भारत में बुढ़ापे में आंखों की रोशनी का कमजोर होना डिमेंशिया का दूसरे सबसे बड़ा कारण है। ऐसे 69.7 फीसदी लोगों में यह वजह पाई गई। तीसरे स्थान पर हाइपरटेंशन है।
लंदन में अल्जाइमर एसोसिएशन इंटरनेशनल कॉन्फ्रेंस 2026 में पेश किए गए ये नतीजे 'द लैंसेट हेल्दी लॉन्गेविटी' जर्नल में छपे हैं।
2.14 लाख बुजुर्गों पर अध्ययन
इस स्टडी के लिए शोधकर्ताओं की अंतरराष्ट्रीय टीम ने 2009 से 2023 के बीच भारत, अमेरिका और चीन समेत दुनिया की 14 देशों में 2.14 लाख बुजुर्गों से जुड़े डाटा को इकट्ठा किया और उसकी आपस में तुलना की।
शोधकर्ताओं ने बुढ़ापे में भूलने की बीमारी (डिमेंशिया) को बढ़ाने वाले 12 ऐसे कारणों पर अध्ययन किया, जिन्हें लाइफस्टाइल बदलकर ठीक किया जा सकता है, जैसे कम सुनाई देना, डिप्रेशन, सुस्त जीवनशैली और अकेलापन। उन्होंने यह समझने की कोशिश की कि ये कारण अलग-अलग देशों के बुजुर्गों में कितने आम हैं। शोधकर्ता यूनिवर्सिटी ऑफ सदर्न कैलिफोर्निया के जिंकूक ली भारत में बुजुर्गों पर होने वाली स्टडी से भी जुड़े हैं।
हर देश में डिमेंशिया की वजहें अलग
इस अध्ययन में पाया गया कि डिमेंशिया के सबसे आम खतरों में कम शिक्षा, उच्च रक्तचाप और स्मोकिंग हर देश में अलग-अलग होते हैं। भारत में कम शिक्षित बुजुर्गों में जहां यह खतरा अधिक है, वहीं अमेरिका में मोटापे से ग्रसित लोगों में इस बीमारी का खतरा अधिक पाया गया। मोटापा अमेरिका में 44.9 फीसदी लोगों के लिए डिमेंशिया का बड़ा खतरा है, वहीं भारत में सिर्फ 13.3 प्रतिशत लोगों के लिए ही यह खतरा है। हालांकि कुछ वजहें सभी देशों में समान पाईं गई, जैसे हृदय से संबंधित बीमारी हाई कोलेस्ट्रॉल और हाइपरटेंशन, स्मोकिंग, शराब की लत इत्यादि।
इलाज की नीति बनाने में मदद मिलेगी
शोधकर्ताओं का कहना है कि इन नतीजों से सरकारों और स्वास्थ्य संगठनों को आबादी के हिसाब से डिमेंशिया से बचाव की रणनीतियां बनाने में मदद मिलेगी। रिसर्च के मुख्य लेखक एम्मा निकोलस ने कहा कि बुढ़ापे में होने वाली इन समस्याओं का रिस्क पहले से तय नहीं होता है। ये ऐसे रिस्क फैक्टर्स हैं जिनका सामना आप जीवन भर करते हैं। आप अपने रिस्क को बदलने में असर डाल सकते हैं।
डिमेंशिया की वजहें किस देश में क्या हैं बड़े खतरे(प्रमुख देश)
भारत अमेरिका चीन ब्राजील
कम शिक्षा 76.7 12 85.6 76.7
सुनने की क्षमता कम 7.4 11.3 14.9 26.4
मोटापा 13.3 44.9 14.5 30.7
दृष्टिबाधित 69.7 21 30.4 49.6
हाईपरटेंशन 28.5 55 40.2 49
अवसाद 12.9 19.8 37.2 26
स्मोकिंग 19.8 53.8 44 35.7
(आंकड़े प्रतिशत में हैं)
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