अवशिष्ट प्रबंधन, ऊर्जा की बचत च जलसंग्रह पर करेंगे शोध
जनपद के माध्यमिक विद्यालयों में विद्यार्थियों को अवशिष्ट प्रबंधन, ऊर्जा बचत, जल संग्रह और स्थायित्व के लिए भारतीय ज्ञान प्रणाली के अनुप्रयोग पर शोध प्रोजेक्ट बनाने का कार्य किया जा रहा है। राष्ट्रीय बाल विज्ञान कांग्रेस की थीम 'स्थायी विकास के लिए विज्ञान व नवाचार' के तहत समूह बनाकर शोधपत्र तैयार किए जा रहे हैं।

जनपद के माध्यमिक विद्यालयों में विद्यार्थियों को अवशिष्ट प्रबंधन, ऊर्जा की बचत, जल संग्रह, भोजन, कृषि, स्वास्थ्य और स्थायित्व के लिए भारतीय ज्ञान प्रणाली के अनुप्रयोग सिखाए जा रहे हैं। विद्यार्थी इन पांच विषयों पर शोध करके प्रोजेक्ट तैयार कर रहे हैं। राष्ट्रीय बाल विज्ञान कांग्रेस के द्वारा इस वर्ष इन विषयों की थीम स्थायी विकास के लिए विज्ञान व नवाचार रखी गई है। शुक्रवार को राष्ट्रीय बाल विज्ञान के कोऑर्डिनेटर डा. जयंत गुप्ता ने बताया कि जिले के माध्यमिक विद्यालयों में चार-चार विद्यार्थियों के समूह बनाकर शोधपत्र तैयार किए जा रहे हैं। विद्यालय स्तर पर शोध करने वाले विद्यार्थियों के शोधपत्र जिला स्तर पर परखे जाएंगे।
जिन विद्यार्थियों के शोधपत्र सबसे अच्छे होंगे। उन्हें मंडल स्तर व प्रदेश स्तर पर भेजा जाएगा। उन्होंने कहा कि इसका मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को स्कूल स्तर पर ही अवशिष्ट प्रबंधन, ऊर्जा की बचत, जल संग्रह, भोजन, कृषि, स्वास्थ्य और स्थायित्व के लिए भारतीय ज्ञान प्रणाली के अनुप्रयोग के संबंध में जागरूक करना है।


