DA Image

अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

सपा-बसपा गठबंधन से मुस्लिम वोटों के ध्रुवीकरण के आसार

उत्तर प्रदेश के मुस्लिम वोटरों (Muslim votes) के लिए सपा-बसपा गठबंधन (SP-BSP coalition) के रूप में मजबूत ठीहा तो मिला ही है, साथ ही उसके सामने कांग्रेस की ओर जाने का विकल्प भी है। पर मुस्लिम वोटों का ध्रुवीकरण अखिलेश-मायावती गठजोड़ के पक्ष में होने के ज्यादा आसार दिखते हैं।  

रविवार को कांग्रेस ने अकेले चुनाव लड़ने का ऐलान कर दिया। यूपी में लोकसभा चुनाव में भाजपा से मुकाबिल होने वाली प्रमुख पार्टियों में कांग्रेस, सपा और बसपा तीनों ही मुस्लिम प्रत्याशी भी मैदान में उतारेंगी। ऐसे में अब मुस्लिम वोट किस ओर ज्यादा जाएगा, देखना दिलचस्प रहेगा। 

लोकसभा चुनाव: सपा-बसपा गठबंधन से निपटने को BJP ने बनाया एक्शन प्लान

गोकशी के मामलों में हुई भीड़ हिंसा, पशु वधशालाओं को बंद कराने, मंदिर-मस्जिद विवाद व तीन तलाक जैसे ज्वलंत मुद्दों के साथ विकास व जनहित के कार्यों में अपनी कथित अनदेखी के चलते यूपी के मुस्लिम खासे खफा हैं। इन मतदाताओं का ध्रुवीकरण इस बार के लोकसभा चुनाव में अलग नजरिये से देखा जा रहा है। 

लोकसभा चुनाव 2019:BJP ने कार्यकर्ताओं को दिए जीत के ‘छह सूत्रीय मंत्र'

खत्म हो सकता है यूपी से लोकसभा में मुस्लिम नुमाइंदगी का सूखा : अब पिछले पांच वर्षों से लोकसभा में देश के इस सबसे बड़े सूबे से मुस्लिम नुमाइदंगी का सूखा खत्म होने के भी आसार बढ़ गये हैं। सन 2014 के लोकसभा चुनाव में चली प्रचंड मोदी लहर के चलते यूपी से एक भी मुस्लिम सांसद लोकसभा नहीं पहुंच पाया था।  

तेजस्वी यादव ने मायावती से की मुलाकात, आज मिलेंगे अखिलेश यादव से

वहीं 2017 के विधानसभा चुनाव में बसपा ने सबसे ज्यादा करीब सौ मुस्लिम प्रत्याशी मैदान में उतारे थे। जबकि सपा ने 64 मुस्लिम प्रत्याशियों को टिकट दिया था। इस बार की विधानसभा में कुल 25 मुस्लिम विधायक हैं जो कि पिछले 25 सालों में बनी प्रदेश की विधानसभाओं में सबसे कम बताए जाते हैं।

भाजपाई अब सपा-बसपा में शामिल होने को बेचैन: अखिलेश यादव

इससे पूर्व 1991 में कल्याण सिंह के मुख्यमंत्रित्व काल में यूपी की विधानसभा में 23 मुस्लिम विधायक थे। प्रदेश की मौजूदा विधानसभा में सबसे ज्यादा 18 मुस्लिम विधायक सपा के हैं, जबकि बसपा के पांच और कांग्रेस के दो मुस्लिम विधायक हैं। 

भाजपा को हराने के लिए कांग्रेस से सहयोग को तैयार: शिवपाल यादव

पिछली दो लोकसभाओं में यूपी से मुस्लिम सांसद
2009 की लोकसभा
यूपी से कुल 7 मुस्लिम सांसद
बसपा के  03
कांग्रेस के 04
2004 की लोकसभा 
यूपी से कुल 9 मुस्लिम सांसद
बसपा के 04
सपा के   05 

सपा-बसपा गठबंधन को मिलेगा लाभ : नरेश टिकैत

24 सीटों पर मुस्लिम हैं निर्णायक 
यूपी की 80 में से 24 लोकसभा सीटें ऐसी हैं जो मुस्लिम आबादी बहुल मानी जाती हैं। इनमें बरेली, बदायूं, पीलीभीत, रामपुर, सम्भल, अमरोहा, मेरठ, मुजफ्फरनगर, सहारनपुर, बिजनौर, अमरोहा, मुरादाबाद, आजमगढ़, बहराइच, गोंडा, श्रावस्ती, वाराणसी, डुमरियागंज और बलरामपुर प्रमुख हैं।

सपा बसपा के गठबंधन से प्रदेश में भाजपा का सफाया तय : आनंद

पीस पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष डा. अय्यूब ने कहा कि इसमें कोई दो राय नहीं कि सपा और बसपा के बीच गठबंधन होने से यूपी के मुसलमानों का मनोबल बढ़ा है। इस बार के लोकसभा चुनाव में इन्हीं दोनों पार्टियों के पक्ष में मुसलमान मतदान करेगा, क्योंकि कांग्रेस लड़ाई में कहीं है ही नहीं। पूरी उम्मीद है कि इस बार देश की नयी लोकसभा में यूपी से मुस्लिम नुमाइंदगी निश्चित ही होगी।

सपा-बसपा गठबंधन होने से भाजपा डरी : नरेश उत्तम

समाजवादी अल्पसंख्यक सभा के प्रदेश अध्यक्ष रियाज अहमद ने बताया कि इस बार यूपी से लोकसभा में निश्चित तौर पर मुस्लिम सांसद चुनकर जाएंगे। गठबंधन से प्रदेश की मुस्लिम जनता का मनोबल बढ़ा हुआ है।  जहां तक मुद्दों का सवाल है तो मुसलमानों के मुद्दे कोई अलग से नहीं हैं।  मौजूदा सरकार के कार्यकाल में मुसलमानों, पिछड़ों और दलितों के साथ जितने अत्याचार हुए, इससे पूर्व कभी नहीं हुए।

पिछड़ों के आरक्षण में बंटवारा कर गठबंधन से पाया जा सकता है पार : राजभर

पसमांदा मुस्लिम समाज के राष्ट्रीय अध्यक्ष अनीस मंसूरी ने कहा कि दोनों ही पार्टियों ने टिकट बंटवारे में अगर मुसलमानों, खासतौर पर पसमांदा मुसलमानों की नुमांइदगी का ख्याल रखा और मुस्लिम आबादी बहुल सीटों से मुसलमान प्रत्याशी उतारे गये तो निश्चित ही इस बार यूपी से लोकसभा में मुस्लिम नुमाइंदगी होगी। मुल्क के सबसे बड़े सूबे से दूसरी सबसे बड़ी आबादी के हितों के लिए यह जरूरी भी है।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:SP-BSP coalition polarization Muslim votes in up loksabha election