स्कूलों को लौटाना होगा रसोई गैस सिलेंडर
सिलेंडर नहीं देने पर लगेगा 8 हजार रुपये जुर्माना स्कूलों को लौटाना होगा रसोई गैस सिलेंडर स्कूलों को लौटाना होगा रसोई गैस सिलेंडर

सिलेंडर नहीं देने पर लगेगा 8 हजार रुपये जुर्माना स्कूलों में नहीं हो रहा कॉमर्शियल सिलेंडर का उठाव फोटो: गैस-कर्मशियल गैस सिलेंडर। बिहारशरीफ, निज प्रतिनिधि। सरकारी स्कूलों में मिड डे मिल बनाने के लिए कॉमर्शियल गैस सिलेंडर दिये गये थे। लंबे समय से स्कूलों में गैस सिलेंडर का उठाव नहीं हो रहा है। अब, स्कूलों को गैस कंपनियों को वापस सिलेंडर लौटाना होगा। ऐसा नहीं करने पर आठ हजार रुपये जुर्माना भरना होगा। गैस एजेंसियों के अनुरोध पर खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग के अपर सचिव ने मध्याह्न भोजन योजना के निदेशक को पत्र भेजकर यह आदेश जारी किया है।
गैस सिलेंडर का उठाव
विभागीय आदेश के बाद मिड डे मिल प्रभारी अंशु कुमारी ने सभी हेडमास्टरों को पत्र भेजकर सिलेंडर लौटाने का निर्देश दिया है। गैस एजेंसी के वितरकों की मानें तो सरकार के आदेश पर विद्यालयों को बिना सुरक्षा मनी के गैस कनेक्शन दिया गया था। नियम के अनुसार महीने में तीन सिलेंडर का उठाव किया जाना था। महीने में एक भी सिलेंडर का उठाव नहीं हो रहा है।
विद्यार्थियों के लिए सुरक्षा
कंपनी के अनुसार सूबे में 19 किलो के 51 हजार 526 सिलेंडर विद्यालयों को उपलब्ध कराया गया था। इसमें से 49 हजार 176 सिलेंडर ऐसे है जहां उठाव नहीं हो रहा है। नालंदा में भी ऐसे सिलेंडरों की संख्या 600 से अधिक है। पीएम पोषण योजना के तहत विद्यालयों को 19 किलो का व्यवसायिक गैस सिलेंडर दिया गया है ताकि, विद्यालयों में धुआं रहित रसोई संचालन का सपना साकार हो सके। इंडेन गैस एजेंसी के वितरक सुनील कुमार ने बताया उठाव नहीं होने के कारण कंपनी ने सिलेंडर वापस लेने का अनुरोध किया था। (बिहारशरीफ से रमेश कुमार)


