जेल में छह साल रहने के बाद भी मराठी नहीं सीख पाया : संजय दत्त

हिन्दुस्तान, नई दिल्ली
Follow us on Google News
share

बॉलीवुड अभिनेता संजय दत्त ने पुणे की यरवडा जेल में छह साल बिताने के बावजूद मराठी नहीं सीख पाने पर मजाक किया। ठाणे में गोकुलाष्टमी कार्यक्रम के दौरान, मंत्री प्रताप सरनाईक ने उनसे मराठी में बोलने को कहा, तो उन्होंने कहा कि वे केवल थोड़ी-सी मराठी जानते हैं। इस पर हंसी का माहौल बन गया।

जेल में छह साल रहने के बाद भी मराठी नहीं सीख पाया : संजय दत्त

बॉलीवुड अभिनेता संजय दत्त ने मजाकिया अंदाज में कहा कि 1993 के मुंबई सिलसिलेवार बम धमाकों से जुड़े अवैध हथियार रखने के मामले में पुणे की यरवडा सेंट्रल जेल में छह साल बिताने के बावजूद वह मराठी नहीं सीख पाए। यह मामला शनिवार को गोकुलाष्टमी के मौके पर ठाणे शहर में संस्कृत युवा प्रतिष्ठान की ओर से आयोजित बड़े दही-हांडी कार्यक्रम के दौरान सामने आया। कार्यक्रम में महाराष्ट्र के परिवहन मंत्री प्रताप सरनाईक भी मंच पर मौजूद थे।

सरनाईक का बयान

भीड़ को संबोधित करते हुए सरनाईक ने अपने विभाग की उस विवादित नीति का हल्का-सा जिक्र किया, जिसके तहत मुंबई में ऑटो रिक्शा और टैक्सी चालकों को परमिट हासिल करने के लिए मराठी का कामचलाऊ ज्ञान होना जरूरी किया गया।

संजय दत्त का मजाकिया जवाब

इसके बाद शिवसेना नेता और मंत्री ने वरिष्ठ अभिनेता संजय दत्त से दर्शकों को राज्य की आधिकारिक भाषा मराठी में संबोधित करने को कहा। उन्होंने कहा कि दत्त हिंदी में बोलते हैं, लेकिन यहां मौजूद लोग मराठी समझते हैं।

अपने खास अंदाज में संजय दत्त ने मजाकिया जवाब दिया। उन्होंने सरनाईक से कहा कि पुणे की यरवडा जेल में छह साल बिताने के बावजूद वह मराठी नहीं सीख पाए और केवल थोड़ी-सी मराठी ही सीख सके।

वायरल वीडियो

उनके इस मजाकिया जवाब पर मंच पर मौजूद दोनों नेताओं और कार्यक्रम में मौजूद लोगों के बीच तुरंत हंसी छूट गई। इस बातचीत का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया और लोगों की मिली-जुली प्रतिक्रियाएं सामने आईं।

संजय राउत की प्रतिक्रिया

इस घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए शिवसेना (यूबीटी) नेता संजय राउत ने सोमवार को सरनाईक की आलोचना की। उन्होंने कहा कि मंत्री को संजय दत्त से कहना चाहिए था कि वह महाराष्ट्र में हैं और उन्हें मराठी बोलनी चाहिए।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

✦संजय दत्त ने जेल में कितने साल बिताए?−
संजय दत्त ने पुणे की यरवडा सेंट्रल जेल में छह साल बिताए।
Hindustan | Bureau

लेखक के बारे में

Hindustan | Bureau

हिन्दुस्तान भारत का एक प्रतिष्ठित हिंदी समाचार-पत्र है, जिसकी स्थापना 1936 में महामना पंडित मदन मोहन मालवीय ने की थी। स्वतंत्रता आंदोलन की विरासत को समेटे यह प्रकाशन आज भारत के सर्वाधिक पढ़े जाने वाले हिंदी समाचार-पत्रों में दूसरे स्थान पर है। WAN-IFRA के अनुसार, 2016 में 'हिन्दुस्तान' विश्व के शीर्ष 13 सर्वाधिक प्रसारित अखबारों में शामिल था। हर रोज 5 राज्‍यों सह‍ित देश की राजधानी द‍िल्‍ली और एनसीआर (नोएडा, गाज‍ियाबाद, गुरुग्राम) में 23 संस्‍करण प्रकाश‍ित होते हैं। ‘पाठक सर्वोपर‍ि’ हिन्दुस्तान की संपादकीय नीति है। समय पर, शोध और गहन खोजबीन के बाद व‍िस्‍तार से न्‍यूज र‍िपोर्ट प्रकाश‍ित की जाती है। हर खबर में सभी पक्षों और दृष्टिकोणों को संतुलित रूप से पेश किया जाता है।

और पढ़ें
Hindi News , इंडिया न्यूज़ , आज का मौसम , विधानसभा चुनाव और Navratri 2026 से जुड़ी ताज़ा खबरों व पल-पल के अपडेट के लिए लाइव हिन्दुस्तान के साथ जुड़े रहें। UP Chunav 2027 , UP Vidhan Sabha Seats और UP Vidhan Sabha Candidates से जुड़ी सभी महत्वपूर्ण खबरें और जानकारी यहां पढ़ें। सभी बड़ी खबरें सबसे पहले पाने के लिए लाइव हिन्दुस्तान ऐप अभी डाउनलोड करें।
Hindi NewsIndia Newsजेल में छह साल रहने के बाद भी मराठी नहीं सीख पाया : संजय दत्त