महाविद्यालयों में एंटी रैगिंग गाइड लाइन फालो करने का निर्देश
रुहेलखंड विश्वविद्यालय ने यूजीसी की एंटी रैगिंग गाइड लाइन जारी की है। इसमें महाविद्यालयों को नवीन सत्र में गाइडलाइन का पालन करने हेतु निर्देशित किया गया है। छात्राओं के लिए ओरियेन्टेशन प्रोग्राम, कार्याशाला और सेमिनार आयोजित करने की व्यवस्था की गई है। रैगिंग में संलिप्तता पाए जाने पर कठोर कार्यवाही की जाएगी।

रुहेलखंड विश्वविद्यालय ने यूजीसी की एंटी रैगिंग गाइड लाइन जारी की है। जिसमें महाविद्यालयों को निर्देशित किया गया। नवीन सत्र शुरू होने पर पूर्व महाविद्यालय में गाइड लाइन का पालन करें। समस्त विभागों, छात्रावासों, पुस्तकालय, कैन्टीन, क्रीडा विभाग इत्यादि एवं समस्त सार्वजनिक स्थानों पर नवीन सत्र प्रारम्भ होने से पूर्व निम्न बिन्दुओं पर क्रियान्वयन किया जाना अनिवार्य कर दिया है। चीफ प्रॉक्टर रविंद्र सिंह ने गाइड लाइन के संबंध में आदेश जारी कर दिये हैं।
इन बातों का रखना है ध्यान
- नवीन छात्र- छात्राओं हेतु विभागों में ओरियेन्टेशन प्रोग्राम, कार्याशाला एवं सेमिनार आयोजित किये जायें।
- रैगिंग के प्रति सजगता हेतु व्याख्यान उक्त विभागों से सम्बन्धित नियंता की उपस्थिति में होना चाहिये।
- कोर्स समन्वयक एवं सलाहकार द्वारा नवीन एवं कनिष्ठ विद्यार्थियों के साथ निरंतर संवाद व मार्ग दर्शन करें।
- छात्रावासों में मुख्य वार्डन, वार्डन का नियंता मण्डल के सदस्यों सहित औचक निरीक्षण करें।
- सभी विभाग के छात्र- छात्राओं एवं उनके अभिभावकों द्वारा एंटी रैगिंग डॉट इन वेबसाइट पर अण्डरटेकिंग भरकर सम्बन्धित विभाग के प्राक्टर को दें।
- विश्वविद्यालय के छात्रावास में रहने वालो छात्र- छात्राओं को अनिवार्य रूप से छात्रावास आवंटन होने से पूर्व प्रथक से एन्टी रैगिंग अण्डरटेकिंग अनिवार्य रूप से भरवा लें।
- सभी संकायाध्यक्ष , विभागाध्यक्ष छात्रों के प्रवेश हेतु जारी होने वाले विवरण पत्रिका, ब्रांसर, निर्देश पुस्तिका के अनिवार्य रूप से प्रिन्ट करें कि विश्वविद्यालय परिसर में रैंगिंग प्रतिबन्धित है।
-किसी भी छात्र/ छात्रा के रैगिंग में संलिप्तता पाए जाने पर कठोर कार्यवाही की जायेगी।
-छात्र छात्राओं हेतु जारी होने वाले चरित्र प्रमाण पत्र अनिवार्य रूप से सम्बनधित विभाग के प्रॉक्टर के द्वारा ही जारी किये जाएंगे।


