फसलों की सेहत सुधारेगा रोबोडॉग
लंदन में वैज्ञानिकों ने एक रोबोटिक डॉग बनाया है, जो खेतों में पौधों की स्थिति का रियल टाइम डेटा इकट्ठा करता है। यह यूनिवर्सिटी ऑफ नॉटिंघम के सहयोग से विकसित किया गया है। रोबोडॉग में कैमरे और ग्राफिक्स प्रोसेसिंग यूनिट है, जो कृषि विशेषज्ञों को खरपतवार और अन्य खतरों की पहचान करने में मदद करता है।

लंदन, एजेंसी। कई सालों से कृषि विशेषज्ञ खेतों और फसलों की निगरानी के लिए सैटेलाइट या ड्रोन का इस्तेमाल करते आ रहे हैं। अब वैज्ञानिकों ने एक रोबोटिक डॉग बनाया है जो फसलों को करीब से देखकर उनकी हालत का पता लगा लेगा। यह चार पैरों वाला रोबोट खेतों में जाकर पौधों का रियल टाइम डाटा इकट्ठा करता है। नॉटिंघम विश्वविद्यालय के सहयोग से इसे बनाया गया है। इसमें पौधों की थ्रीडी तस्वीरों लेने के कैमरे लगे हैं।रोबोडॉग में ग्राफिक्स प्रोसेसिंग यूनिट भी लगी है। इससे यह पौधों की पत्तियों तक की बारीक जानकारी हासिल करता है। इससे खरपतवार और फसल के दूसरे खतरों का पहले से ही किसानों और कृषि विशेषज्ञों को पता चल जाता है।
अगर खेत में खरपतवार, कीड़े या बीमारी को शुरुआती स्तर पर पहचान लिया जाए, तो किसान समय रहते उसका इलाज कर सकते हैं।चार घंटे चलती है बैटरीरोबो डॉग खेत की फसल की कतारों के बीच आसानी से चल सकता है। इसकी बैटरी करीब चार घंटे तक काम कर सकती है। इसका डिजाइन ऐसा है कि यह पौधों को नुकसान पहुंचाए बिना खेत में घूमकर डेटा इकट्ठा कर सके और मिट्टी को भी कम से कम प्रभावित करे।


