लाल निशान से एक मीटर ऊपर बह रहीं गंगा, बाढ़ से घिरने लगे गांव
गंगा और गंडक नदियों के जलस्तर में लगातार चार पांच दिनों से तेजी से वृद्धि जारी गंगा में 10.83 एमएम प्रति घंटा और गंडक में 5.0 एमएम प्रतिघंटा की रफ्तार से बढ़ रहा जलस्तर लालगंज में गंडक नदी लाल...

गंगा और गंडक नदियों के जलस्तर में लगातार चार-पांच दिनों से तेजी से वृद्धि जारी है। गंगा नदी हाजीपुर के गांधी घाट के पास खतरे के निशान से लगभग एक मीटर ऊपर बह रही हैं। इसी तरह लालगंज में गंडक नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। रविवार को लालगंज में खतरे के लाल निशान से गंडक का जलस्तर 14 सेंटीमीटर ऊपर पहुंच गया। जलस्तर के बढ़ने का सिलसिला तेजी से रविवार को भी जारी रहा। गंगा नदी में 10.83 एमएम प्रति घंटा की रफ्तार से जलस्तर वृद्धि दर्ज किया गया है। वहीं गंडक नदी में लालगंज के पास 5.0 एमएम प्रतिघंटा की रफ्तार से जल स्तर बढ़ रहा है। इसी तरह हाजीपुर में गंडक नदी में काफी तेजी से जल स्तर बढ़ रहा है। सरकारी आंकड़ों के अनुसार हाजीपुर के पास गंडक नदी में 7.05 एमएम प्रतिघंटा की रफ्तार से जल स्तर वृद्धि दर्ज की गई। तराई इलाकों में भारी वर्षा तथा सहायक नदियों के बढ़ते प्रवाह के कारण गंगा एवं गंडक नदियां उफान पर है। जिला पदाधिकारी वर्षा सिंह के निर्देश पर जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में है।
जल स्तर की निगरानी
जिला प्रशासन द्वारा नदियों के जलस्तर की सतत निगरानी के साथ-साथ तटीय एवं दियारा क्षेत्रों में सुरक्षा, राहत एवं बचाव की तैयारियों की लगातार समीक्षा की जा रही है। वर्तमान स्थिति के अनुसार लालगंज स्थित गंडक नदी में जलस्तर खतरे के निशान 50.50 मीटर से 14 सेंटीमीटर ऊपर बना हुआ है तथा जलस्तर में वृद्धि जारी है। वहीं गांधी घाट, गंगा में जलस्तर खतरे के निशान 48.60 मीटर से 94 सेंटीमीटर ऊपर दर्ज किया गया है और इसमें भी लगातार वृद्धि हो रही है। रेवा घाट पर जलस्तर फिलहाल स्थिर है। केंद्रीय जल आयोग एवं जल संसाधन विभाग द्वारा जलस्तर एवं नदी के प्रवाह की लगातार निगरानी की जा रही है।
प्रशासनिक तैयारी
प्रशासनिक निगरानी बढ़ाई गई गंगा एवं गंडक नदी के प्रवाह क्षेत्र से जुड़े निचले एवं दियारा क्षेत्रों राघोपुर, बिदुपुर, हाजीपुर सदर, महनार, सहदेई बुजुर्ग एवं देसरी में प्रशासनिक तंत्र को विशेष रूप से सतर्क रखा गया है। संबंधित अंचल अधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में लगातार भ्रमणशील रहकर तटबंधों, नदी के जलस्तर तथा संभावित जलभराव वाले क्षेत्रों की स्थिति का जायजा लेने का निर्देश दिया गया है।
नावों का परिचालन शुरू
राघोपुर में नावों का परिचालन शुरू राघोपुर अंचल के चकसिंगार पंचायत के रामपुर गांव में पानी फैलने के कारण स्थानीय लोगों के आवागमन के लिए अंचल प्रशासन द्वारा नावों का परिचालन शुरू कराया गया है। इसके अतिरिक्त रुस्तमपुर एवं चकौसन घाट पर भी आवश्यकता के अनुरूप पर्याप्त संख्या में नावों की व्यवस्था की गई है, ताकि प्रभावित एवं तटीय क्षेत्रों के लोगों को आवागमन में कठिनाई न हो। तटबंधों की हो रही निगरानी, सुरक्षित जिले की सीमा में स्थित सभी तटबंध एवं सुरक्षा बांध फिलहाल सुरक्षित हैं। तटबंधों की सुरक्षा एवं निगरानी के लिए जल संसाधन विभाग के अभियंताओं, तकनीकी कर्मियों तथा गृह रक्षा वाहिनी के जवानों को 24 घंटे गश्ती एवं निगरानी में लगाया गया है। किसी भी संभावित स्थिति की तत्काल सूचना एवं आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
सतर्क रहने की अपील
जिला पदाधिकारी के निर्देश पर बाढ़ नियंत्रण, जल निकासी, पशुपालन, स्वास्थ्य, विद्युत एवं लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग सहित सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ पूरी तरह अलर्ट रखा गया है। तटीय क्षेत्रों में जल निकासी, सुरक्षित पेयजल, आवश्यक दवाओं एवं एंटी-स्नेक वेनम की उपलब्धता, पशु चारा, विद्युत सुरक्षा तथा अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं की समीक्षा की जा रही है। एसडीआरएफ की तैनाती की गई किसी भी आकस्मिक परिस्थिति में त्वरित राहत एवं बचाव कार्य सुनिश्चित करने के लिए हाजीपुर, महनार, राघोपुर एवं लालगंज में एसडीआरएफ की टुकड़ियों की तैनाती की गई है। जिला राहत एवं बचाव दल को भी हाई अलर्ट पर रखा गया है। जिला प्रशासन द्वारा नदियों के जलस्तर एवं स्थिति की निरंतर निगरानी की जा रही है तथा आवश्यकता के अनुसार राहत एवं बचाव संबंधी सभी आवश्यक कदम तत्काल उठाए जाएंगे।
नागरिकों से अपील
सतर्क एवं सावधान रहने की अपील जिला प्रशासन ने तटीय एवं दियारा क्षेत्रों के नागरिकों से सतर्क एवं सावधान रहने की अपील की है। नागरिक नदी के तेज बहाव, घाटों एवं तटबंधों के अत्यधिक निकट जाने से बचें तथा बच्चों को नदी एवं अन्य जलस्रोतों से दूर रखें। किसी भी प्रकार की अफवाह पर ध्यान न दें और आपदा से संबंधित जानकारी के लिए केवल आधिकारिक एवं विश्वसनीय स्रोतों से प्राप्त सूचनाओं पर भरोसा करें। समाहरणालय स्थित जिला आपातकालीन संचालन केंद्र (डीईओसी) का नियंत्रण कक्ष 24 घंटे निर्बाध रूप से संचालित है। आपदा अथवा जलस्तर से संबंधित किसी भी आकस्मिक स्थिति की सूचना नागरिक निम्न दूरभाष नंबरों पर दे सकते हैं। - 06224-260233 एवं 06224-260234। -अमिताभ सिंह


