यमुना नदी का जलस्तर चेतावनी बिंदु से डेढ़ मीटर नीचे
हथिनीकुंड बैराज से पानी छोड़े जाने के कारण यमुना नदी के जलस्तर में वृद्धि हुई है, लेकिन यह चेतावनी स्तर से डेढ़ मीटर नीचे है। सिंचाई विभाग ने बाढ़ की स्थिति से इनकार किया है। हाल ही में बारिश के कारण जल स्तर में बदलाव आया है। विभाग जलस्तर पर निगरानी रख रहा है।
हथिनीकुंड बैराज से छोड़े गए पानी के कारण यमुना नदी के जलस्तर में बढ़ोतरी दर्ज की गई है। हालांकि, नदी अभी भी चेतावनी स्तर से लगभग डेढ़ मीटर नीचे बह रही है और सिंचाई विभाग ने फिलहाल किसी प्रकार के खतरे से इनकार किया है। पहाड़ी और मैदानी क्षेत्रों में हुई वर्षा का असर यमुना नदी के जलस्तर पर दिखाई देने लगा है। हथिनीकुंड बैराज से पानी छोड़े जाने के बाद रविवार सुबह यमुना का जलस्तर बढ़कर 229.41 मीटर दर्ज किया गया। इसके बावजूद नदी अभी चेतावनी बिंदु 231 मीटर से करीब डेढ़ मीटर नीचे बह रही है। बताया जाता है कि शनिवार सुबह आठ बजे हथिनीकुंड बैराज से 22,131 क्यूसेक पानी छोड़ा गया था।
उस समय कैराना यमुना पुल पर जलस्तर 228.84 मीटर दर्ज किया गया था। रविवार सुबह तक इसमें बढ़ोतरी हुई, लेकिन इसके बाद बैराज से छोड़े जाने वाले पानी की मात्रा घटाकर 13,342 क्यूसेक कर दी गई, जिससे आगामी समय में जलस्तर कम होने की संभावना जताई जा रही है। सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता सुधांशु सिंह ने बताया कि वर्तमान में क्षेत्र में बाढ़ जैसी कोई स्थिति नहीं है। विभाग लगातार जलस्तर पर निगरानी बनाए हुए है।


