जन विश्वास अधिनियम लागू: छपरा जंक्शन पर लगने लगा जुर्माना
रेलवे में अनुशासन बनाए रखने के लिए जन विश्वास संशोधन अधिनियम-2026 के तहत रेलवे सुरक्षा बल को नए अधिकार दिए गए हैं। अब आरपीएफ मौके पर ही जुर्माना वसूल सकते हैं। इससे यात्रियों को त्वरित निपटारा मिलेगा। छपरा रेलवे प्रशासन ने विशेष ट्रेनों के संचालन की अवधि बढ़ाई है।

छपरा, हमारे संवाददाता । रेलवे परिसरों में अनुशासन बनाए रखने और यात्रियों को सुरक्षित एवं व्यवस्थित यात्रा का माहौल उपलब्ध कराने के उद्देश्य से लागू जन विश्वास संशोधन अधिनियम-2026 के तहत रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) को कई नए अधिकार दिए गए हैं। 19 जून से लागू इस व्यवस्था के बाद छपरा रेलवे सुरक्षा बल पोस्ट के अधिकारी और जवान अब कई प्रकार के रेल अपराधों में मौके पर ही जुर्माना वसूलने के लिए अधिकृत हो गए हैं।
जुर्माना वसूलने की प्रक्रिया
इससे छोटी-छोटी रेलवे संबंधी शिकायतों और नियम उल्लंघन के मामलों का त्वरित निपटारा संभव हो सकेगा और यात्रियों को बार-बार न्यायालय की प्रक्रिया से नहीं गुजरना पड़ेगा। नए प्रावधान के तहत यदि कोई यात्री महिला कोच, दिव्यांग कोच अथवा आरक्षित कोच में यात्रा करता है या स्टेशन एवं ट्रेनों में अनधिकृत रूप से खाने-पीने का सामान बेचता है, स्टेशन परिसर मेनू पार्किंग जोन में गाड़ी खड़ा करता है तो आरपीएफ मौके पर ही कार्रवाई करते हुए जुर्माना लगा सकती है। इसके अलावा वेंडिंग एरिया, वाशिंग लाइन, रेलवे यार्ड, प्रतिबंधित रेलवे क्षेत्र तथा नो पार्किंग जोन में अनधिकृत रूप से वाहन खड़ा करने वालों के विरुद्ध भी ऑन-द-स्पॉट कार्रवाई की जा रही है। इन मामलों में जुर्माना जमा करने पर प्रकरण का तत्काल निस्तारण कर दिया जाएगा। रेलवे अधिकारियों के अनुसार यदि कोई व्यक्ति मौके पर जुर्माना जमा नहीं करता है, तो उसके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई करते हुए मामला रेलवे न्यायालय भेजा जाएगा। ऐसे मामलों में संबंधित व्यक्ति को रेलवे कोर्ट में उपस्थित होकर कानूनी प्रक्रिया पूरी करनी होगी।
गंभीर अपराधों के लिए प्रावधान
हालांकि कुछ अपराध अब भी गंभीर श्रेणी में रखे गए हैं। रेलवे परिसर में गंदगी फैलाना, भीख मांगना, धूम्रपान करना तथा अन्य प्रतिबंधित गतिविधियों में शामिल पाए जाने पर आरपीएफ आरोपी को हिरासत में लेकर रेलवे न्यायालय में प्रस्तुत करेगी। इन मामलों में मौके पर जुर्माना लेकर छोड़ने का प्रावधान नहीं है। छपरा आरपीएफ पोस्ट प्रभारी विनोद कुमार यादव ने बताया कि जन विश्वास अधिनियम लागू होने के बाद से स्टेशन परिसर और ट्रेनों में नियमित जांच अभियान चलाया जा रहा है। महिला एवं दिव्यांग कोच में अनधिकृत रूप से यात्रा करने वालों, बिना लाइसेंस वेंडिंग करने वालों तथा अन्य नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध लगातार कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने बताया कि आरपीएफ का उद्देश्य केवल दंड देना नहीं, बल्कि यात्रियों को नियमों के प्रति जागरूक बनाना भी है। उन्होंने कहा कि स्टेशन परिसर में यात्रियों को नए नियमों की जानकारी दी जा रही है और उन्हें रेलवे के निर्धारित नियमों का पालन करने के लिए प्रेरित किया जा रहा है। यात्रियों से अपील की गई है कि वे अधिकृत कोच में ही यात्रा करें, अनधिकृत वेंडरों से सामान न खरीदें तथा रेलवे परिसर में स्वच्छता और अनुशासन बनाए रखें। रेलवे अधिकारियों का मानना है कि जन विश्वास अधिनियम के प्रभावी क्रियान्वयन से रेलवे परिसरों में अनुशासन मजबूत होगा, अवैध गतिविधियों पर अंकुश लगेगा तथा यात्रियों को अधिक सुरक्षित, स्वच्छ और सुव्यवस्थित वातावरण उपलब्ध कराया जा सकेगा। इससे रेलवे प्रशासन की कार्यप्रणाली भी अधिक प्रभावी और पारदर्शी बनेगी।
विशेष ट्रेनों का संचालन
ग्वालियर-बरौनी द्वि-साप्ताहिक स्पेशल ट्रेन की अवधि 21 फेरों के लिए बढ़ी छपरा, हमारे संवाददाता। यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए रेलवे प्रशासन ने पूर्व से संचालित 04137/04138 ग्वालियर-बरौनी-ग्वालियर द्वि-साप्ताहिक स्पेशल ट्रेन के संचालन की अवधि 21 अतिरिक्त फेरों के लिए बढ़ा दी है। इस निर्णय से बिहार, उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश के बीच यात्रा करने वाले हजारों यात्रियों को राहत मिलेगी। पूर्वोत्तर रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी सुमित कुमार ने मंगलवार को जारी प्रेस विज्ञপ্তि में बताया कि 04137 ग्वालियर-बरौनी द्वि-साप्ताहिक स्पेशल अब 26 सितंबर तक प्रत्येक शनिवार और मंगलवार को संचालित होगी। वहीं 04138 बरौनी-ग्वालियर द्वि-साप्ताहिक स्पेशल 27 सितंबर तक प्रत्येक रविवार और बुधवार को कुल 21 फेरों के लिए चलाई जाएगी। रेल प्रशासन के अनुसार विस्तारित अवधि के दौरान इस विशेष ट्रेन का मार्ग, समय और सभी निर्धारित ठहराव पूर्ववत रहेंगे। इससे नियमित रूप से इस ट्रेन से यात्रा करने वाले यात्रियों को किसी प्रकार की असुविधा नहीं होगी। यात्रियों की बढ़ती मांग को देखते हुए ट्रेन में पर्याप्त कोचों की व्यवस्था भी की गई है। इस स्पेशल ट्रेन में कुल 20 कोच लगाए जाएंगे। इनमें दो एसएलआर डी कोच, छह सामान्य द्वितीय श्रेणी, चार द्वितीय श्रेणी कुर्सीयान, छह शयनयान, एक वातानुकूलित तृतीय श्रेणी (एसी-3) तथा एक वातानुकूलित द्वितीय श्रेणी (एसी-2) कोच शामिल रहेंगे। रेलवे अधिकारियों ने बताया कि त्योहारों और बढ़ती यात्री संख्या को देखते हुए विशेष ट्रेनों का संचालन जारी रखा जा रहा है। ग्वालियर-बरौनी स्पेशल के संचालन अवधि में विस्तार से यात्रियों को कन्फर्म सीट मिलने में सुविधा होगी तथा नियमित ट्रेनों पर अतिरिक्त दबाव भी कम होगा। यात्रियों से यात्रा से पहले आरक्षण की स्थिति और ट्रेन की जानकारी की पुष्टि करने की अपील की गई है।


