संयुक्त वामपंथी मोर्चा ने समस्याओं के खिलाफ विरोध प्रदर्शन
सुलतानपुर में संयुक्त वामपंथी मोर्चा ने संविधान और लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा के लिए विरोध प्रदर्शन किया। उन्होंने दमन, पेपर लीक की घटनाओं पर कार्रवाई तथा स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने की मांग की। प्रदर्शन में हिस्सा लेते हुए नेताओं ने भारत के संविधान में दिए गए मौलिक अधिकारों की रक्षा की आवश्यकता पर जोर दिया।

सुलतानपुर,संवाददाता। संयुक्त वामपंथी मोर्चा ने संविधान एवं लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा, दमन-अत्याचार पर रोक लगाने, पेपर लीक की घटनाओं पर कार्रवाई तथा स्वास्थ्य, खाद्य पदार्थ सेवाओं को सुदृढ़ किए जाने को लेकर सोमवार को सड़क पर उतरकर विरोध प्रदर्शन किया। साथ ही राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन नायब तहसीलदार विशाल सिंह को सौंपा। भारत की कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) के जिला सचिव राधेश्याम वर्मा ने कहा कि भारत का संविधान देश के प्रत्येक नागरिक को समानता, अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता देता है, शांतिपूर्ण सभा संगठन बनाने तथा गरिमापूर्ण जीवन का अधिकार प्रदान करता है। कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया के जिला सचिव सैफ ने कहा कि प्रतियोगी परीक्षाओं में लगातार सामने आ रही पेपर लीक की घटनाओं ने लाखों विद्यार्थियों के भविष्य को संकट में डाल दिया है।
माकपा के जिला कमेटी के सदस्य अरशद व वरिष्ठ वामपंथी नेता शारदा पांडेय ने कहा कि देश भर में आम जनमानस के मौलिक जरूरतों, संविधान प्रदत्त अधिकारों पर हमला केंद्र व राज्य में बैठी भाजपा सरकार लगातार जारी रखे हैं। संविधान में प्रदत्त लोकतांत्रिक मूल्यों, मौलिक अधिकारों और नागरिक स्वतंत्रताओं की रक्षा के लिए अविलंब ठोस कदम उठाए जाएं। यहां पर दुर्गेश यादव, श्री कृष्ण बरनवाल, राजबहादुर यादव, संतराम मौर्या, रामसूरत, राम सजीवन, जगराम गुप्ता, आशीष कुमार, अमरावती,अलीम,अब्दुल हकीम, कांति देवी, पार्थ, विवेक विक्रम सिंह, शशांक पांडेय, बालकृष्ण मिश्रा, ओम प्रकाश कोरी, राम दुलार, शोएब, फूलकला, खालिद,अभिषेक यादव ,राम गरीब पाल आदि रहे।


