नागपंचमी पर बच्चों ने लिया जीव-जंतु संरक्षण का संकल्प
सोमवार को भेकास मध्य विद्यालय में नागपंचमी पर्व पर चेतना सत्र का आयोजन किया गया। प्रधानाध्यापक विनोद कुमार पाण्डेय ने छात्रों को पर्व के धार्मिक और पर्यावरणीय महत्व से परिचित कराया। उन्होंने सामाजिक सद्भाव और पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया तथा अंधविश्वास से दूर रहने की अपील की।

चेतना सत्र में प्रधानाध्यापक ने छात्र-छात्राओं को पर्व के महत्व से कराया परिचित अंधविश्वास से दूर रहकर परंपराओं के सम्मान और पर्यावरण संरक्षण का दिया संदेश (युवा पेज) भभुआ, नगर संवाददाता। सदर प्रखंड के मध्य विद्यालय भेकास में सोमवार को नागपंचमी पर्व पर चेतना सत्र का आयोजन किया गया।
चेतना सत्र का आयोजन
इस दौरान विद्यालय के प्रधानाध्यापक विनोद कुमार पाण्डेय ने छात्र-छात्राओं को नागपंचमी के धार्मिक, सांस्कृतिक और पर्यावरणीय महत्व की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि पर्व-त्योहार हमारी समृद्ध संस्कृति और परंपराओं से जुड़ने के माध्यम हैं। इनके माध्यम से बच्चों में संस्कार, प्रकृति के प्रति संवेदनशीलता व सामाजिक सद्भाव की भावना विकसित होती है।
नाग देवता की पूजा
उन्होंने कहा कि इस दिन नाग देवता की पूजा-अर्चना कर श्रद्धा व्यक्त की जाती है। भारतीय संस्कृति में नागों को प्रकृति और पर्यावरण का महत्वपूर्ण हिस्सा माना गया है। उन्होंने बच्चों को समझाया कि इस पर्व का संदेश केवल धार्मिक आस्था तक सीमित नहीं है, बल्कि जीव-जंतुओं के संरक्षण और प्रकृति के प्रति जिम्मेदारी का भाव भी इससे जुड़ा है। जीव-जंतुओं के प्रति दया और स्वच्छता बनाए रखने की अपील की।
अज्ञानता और परंपरा
उन्होंने छात्रों से अंधविश्वास से दूर रहते हुए अपनी सांस्कृतिक परंपराओं का सम्मान करने की अपील की। जीव-जंतु को नुकसान नहीं पहुंचाने और पर्यावरण को स्वच्छ रखने का संकल्प दिलाया। उन्होंने कहा कि प्रकृति का संतुलन बनाए रखने में प्रत्येक जीव की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। चेतना सत्र के दौरान शिक्षकों और छात्र-छात्राओं ने प्रकृति, पर्यावरण एवं जीव-जंतुओं के संरक्षण का संकल्प लिया। प्रधानाध्यापक ने कहा कि ऐसे आयोजन बच्चों को पुस्तकीय ज्ञान के साथ संस्कार और सामाजिक जिम्मेदारी का बोध भी कराते हैं। कार्यक्रम में विद्यालय के शिक्षक-शिक्षिकाओं के साथ बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।


