
एक नेताजी के वीडियो घूम रहे हैं; PM मोदी ने कस दिया अरविंद केजरीवाल पर गहरा तंज
दरअसल अरविंद केजरीवाल के कई वीडियो इन दिनों सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं, जिनमें से एक में तो वह कहते हैं कि यदि किसी नेता पर आरोप लगते हैं तो उसे अपने पद से इस्तीफा दे देना चाहिए।
पीएम नरेंद्र मोदी ने दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल पर गहरा तंज कसा है। उन्होंने कहा कि हम जो कहते हैं, वही करते हैं। हमारी बातों में विरोधाभास कम है। उन्होंने किसी का नाम नहीं लिया, लेकिन साफ तौर पर इशारा करते हुए कहा कि आजकल एक नेताजी के वीडियो घूम रहे हैं। उन्हें देखकर लोग सवाल कर रहे हैं कि आखिर कैसे हमें पागल बनाया गया। कुछ कहा गया और किया कुछ और गया। दरअसल अरविंद केजरीवाल के कई वीडियो इन दिनों सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं, जिनमें से एक में तो वह कहते हैं कि यदि किसी नेता पर आरोप लगते हैं तो उसे पद से इस्तीफा दे देना चाहिए। माना जा रहा है कि ऐसे ही वीडियोज का जिक्र पीएम मोदी ने किया है।
यही नहीं इस दौरान पीएम नरेंद्र मोदी ने राहुल गांधी पर भी तंज कसते हुए कहा कि एक नेताजी कहते हैं कि मैं एक झटके में गरीबी दूर कर दूंगा। यह कैसी बात है। दशकों तक वे सत्ता में रहे हैं और आखिर तब क्या कर रहे थे। इस दौरान पीएम नरेंद्र मोदी ने राम मंदिर निर्माण को राजनीति से जोड़ने पर भी सवाल उठाया। उन्होंने कहा कि विपक्ष के दलों के लिए राजनीतिक मुद्दा था। अब मंदिर बन गया है तो उनके लिए मुद्दा भी खत्म हो गया है। उन्होंने कहा कि जब रामलला की प्राण प्रतिष्ठा हो रही थी तो मेरे लिए यह कोई इवेंट नहीं बल्कि भावनात्मक पल था। इस दौरान मेरे मस्तिष्क में 500 सालों का संघर्ष और सैकड़ों लोगों की कुर्बानी चल रही थी।
प्रधानमंत्री मोदी ने इस दौरान देश भर में अपने दौरों और अलग-अलग परंपरागत परिधान पहनने पर सवाल उठाने वालों को भी घेरा। उन्होंने कहा कि कुछ लोगों में इतनी नफरत भर गई है कि हर चीज पर सवाल उठाते हैं। मैं पूर्वोत्तर के मणिपुर में जाता हूं तो लोग परंपराग वेशभूषा प्रदान करते हैं और मैं सम्मान के साथ पहन लेता हूं। किसी और राज्य में गया तो वहां भी ऐसा हो गया। कुछ लोग उस पर भी सवाल उठाते हैं। आखिर यह कैसी नफरत है।
पीएम मोदी ने तमिलनाडु की सत्ताधारी पार्टी डीएमके की ओर से सनातन धर्म पर सवाल उठाने पर भी निशाना साधा। उन्होंने इस मसले पर कांग्रेस से सवाल पूछा कि आखिर आपकी उनके साथ रहने की क्या मजबूरी है। पीएम मोदी ने कहा कि डीएमके का तो जन्म ही नफरत के माहौल में हुआ था, लेकिन कांग्रेस तो महात्मा गांधी की परंपरा वाली पार्टी रही है। फिर उसे ऐसा क्या हो गया है।

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