दो माह में 69 हजार 808 परिवार के सिर पर होगा छत
गाजीपुर में प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत 68,808 परिवारों को जल्द ही अपना घर मिलने जा रहा है। चयनित लाभार्थियों की सूची जारी कर दी गई है। पात्रता जांच पूरी हो चुकी है और पहली किस्त सितंबर अंत तक बैंक खातों में भेजी जाएगी।

गाजीपुर, संवाददाता। जनपद में बिना छत के निवास करने वालों के लिए अच्छी खबर है। अब दो माह के भीतर ही 68 हजार 808 परिवार को प्रधानमंत्री आवास के तहत अपना घर मिल जाएगा। परियोजना निदेशक महेंद्र प्रताप यादव ने चयनित प्रधानमंत्री आवास प्लस सर्वे में चयनित लाभार्थियों की सूची भेज दी है। जनपद में प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के तहत आवास का इंतजार कर रहे ग्रामीणों को अब अधिक इंतजार नहीं करना होगा। करीब एक वर्ष पहले कराए गए सर्वे के बाद पात्रता जांच और सत्यापन की प्रक्रिया पूरी हो चुकी है। ग्राम पंचायतों में खुली बैठकें आयोजित कर पात्र लाभार्थियों के चयन का अनुमोदन भी कराया जा चुका है। जिससे पात्र परिवारों को आवास निर्माण के लिए पहली किस्त मिलने का रास्ता साफ हो गया है। विभागीय अधिकारियों के मुताबिक सितंबर अंत तक लाभार्थियों के बैंक खातों में पहली किस्त मिल सकती है।
पात्रता के लिए गई जांच
प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के तहत जिले में एक लाख 45 हजार 700 आवेदन किया गया था। जिसके बाद इन परिवारों का सर्वे कराया गया था। जांच के दौरान बड़ी संख्या में 76 हजार 892 अपात्र परिवारों को सूची से बाहर किया गया। पात्रता को लेकर ग्राम पंचायतों में खुली बैठके आयोजित कर चयन का अनुमोदन कराया जा चुका है। अब जल्द ही पात्र लाभार्थियों के खातें में आवास की धनराशि पहुंच जाएगी।
आवास की स्थिति
जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में बड़ी संख्या में परिवार आज भी कच्चे मकानों, झोपड़ियों और जर्जर छप्परों में रहने को मजबूर हैं। बारिश के मौसम में इन परिवारों की मुश्किलें और बढ़ जाती हैं। अब सितंबर में पहली किस्त मिलने की उम्मीद से ऐसे परिवारों में राहत की आस जगी है। योजना के तहत पात्र लाभार्थियों को आवास निर्माण के लिए 1.20 लाख रुपये तीन किस्तों में दिए जाएंगे। पहली किस्त 40 हजार रूपये, दूसरी किस्त 70 हजार और तीसरी किस्त 10 हजार रूपये दिया जाएगा।
मिलेगा सहायक अनुदान
इसके अलावा शौचालय निर्माण के लिए 12 हजार और मनरेगा 90 दिन की मनरेगा मजदूरी भी दिया जाएगा। इससे लाभार्थियों को बेहतर आवास मिल जाएगा। जिससे हर मौसम में लाभार्थियों को किसी भी प्रकार की परेशानी होगी।
लाभार्थियों के सत्यापन सहित अन्य प्रक्रिया पूरी करके सूची शासन को भेज दी गयी है। सितंबर के अंत तक पहली किस्त लाभार्थियों के खातें में आ जाएगी। दो माह के भीतर सभी लाभार्थियों का अपना आवास होगा।
महेंद्र प्रताप यादव, परियोजना निदेशक


