DA Image

अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

बड़े-बड़े दलबदलुओं के हिस्से आई करारी हार, शत्रुघ्न सिन्हा जैसे दिग्गजों को भी मिली शिकस्त

shatrughan sinha

चुनाव पूर्व नेताओं के दल बदलने का चलन पुराना है। लोकसभा चुनाव 2019 की तारीखों की घोषणा के बाद भी कमोबेश यही स्थिति देखने को मिली। हालांकि इस लोकसभा चुनाव में अधिकांश दलबदलुओं को हार मिली है। भाजपा छोड़ कांग्रेस में पहुंचे शत्रुघ्न   सिन्हा और सांसद सावित्री बाई फुले को करारी शिकस्त मिली है।

चुनाव आयोग के अनुसार, ऐसे 76 दल बदलुओं में से अधिकतर अपनी सीटों पर हारे हैं। भाजपा के ‘शत्रु’ शत्रुघ्न सिन्हा ने चुनाव से ऐन पहले कांग्रेस का दामन थाम लिया था और बिहार की पटनासाहिब लोकसभा सीट पर उनका मुकाबला वरिष्ठ भाजपा नेता व केंद्रीय मंत्री रविशंकर प्रसाद से था, जिन्होंने उन्हें दो लाख 83 हजार मतों से हराया।

यूपी में 11 विधायकों के सांसद बनने पर होगा उपचुनाव; BJP के आठ, सपा-बसपा के एक-एक MLA जीते

सपा छोड़ने वाले प्रवीण निषाद जीते:
समाजवादी पार्टी की पूर्व नेता व रामपुर की पूर्व सांसद जया प्रदा इस बार भाजपा के टिकट पर मैदान में थीं। दिग्गज सपा नेता आजम खां ने उन्हें बड़े अंतर से पटखनी दी है। अंतिम क्षणों में सपा छोड़कर भाजपा का दामन थामने वाले प्रवीण निषाद ही चुनाव जीत पाए।  

कांग्रेस के टिकट पर लड़ चुके हैं रवि किशन:
शरद पवार की नेशनिलस्ट कांग्रेस पार्टी छोड़कर कांग्रेस में आए तारिक अनवर कटिहार में जद (यू) के डी सी गोस्वामी से 57000 मतों से हारे। भोजपुरी अभिनेता रवि किशन ने इस बार भाजपा के टिकट पर यूपी के गोरखपुर से चुनाव लड़ा और तीन लाख से अधिक वोटों से जीते। वह पिछली बार जौनपुर से कांग्रेस के टिकट पर हार गए थे।

भाजपा के 'चाणक्य' अमित शाह, चुनावी जीत के लिए सफल बिसात बिछाने में माहिर

कीर्ति आजाद की बड़ी हार:
भाजपा छोड़ कांग्रेस में शामिल हुए पूर्व क्रिकेटर कीर्ति आजाद झारखंड की धनबाद सीट पर चुनाव लड़ रहे थे। वह भाजपा के पशुपतिनाथ सिंह से साढ़े चार लाख से अधिक वोटों से हारे हैं। वहीं भगुवा दल छोड़कर सपा में पहुंचे रामचरित्र निषाद को भी हार का सामना करना पड़ा। मिर्जापुर से चुनाव मैदान में उतरे निषाद को एनडीए प्रत्याशी अनुप्रिया पटेल से हार मिली है। 

ये भी हुए भाजपा के:
जय पांडा (बीजद सांसद), प्रियंका चतुर्वेदी (कांग्रेस प्रवक्ता) अनुपम हाजरा (तृणमूल सांसद)  टॉम वडक्कन (कांग्रेस प्रवक्ता), सुजय विखे पाटिल (कांग्रेस), अर्जुन सिंह (तृणमूल विधायक) व सौमित्र खान (तृणमूल सांसद) व अन्य।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:Popular Party Changer Face Not Save his Seat in Lok Sabha Elections