दो गौशालाओं में ठूंसे मिले 156 गौवंश, मुकदमा दर्ज
द्वाराहाट में अवैध रूप से बिना पंजीकरण गौशाला चलाने पर पुलिस ने कार्रवाई की है। पशु चिकित्साधिकारी द्वारा दी गई तहरीर पर संचालक के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। निरीक्षण में गौवंश के लिए उचित भोजन और पानी की कमी पाई गई, जिससे कई गौवंश कमजोर और मृत पाए गए।

द्वाराहाट। बिना पंजीकरण गौशाला चालने और चारा आदि नहीं मिलने से गौवंश की मौत पर पुलिस ने कार्रवाई की है। वरिष्ठ पशु चिकित्साधिकारी की जांच के बाद दी गई तहरीर पर पुलिस ने संचालक के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस के मुताबिक गोचर द्वाराहाट में तैनात मुख्य पशु चिकित्साधिकारी महेंद्र कुमार ने तहरीर सौंपी है। कहना है कि दूनागिरी क्षेत्र के रतखाल गांव में बहादुर सिंह की ओर से अवैध रूप से गौशाला के संचालन की शिकायत मिली थी। इस पर रविवार को डॉ. सरिता सहित टीम ने मौके का निरीक्षण किया। हर सिंह के प्लॉट के दो कमरों 73 और उसे नीचे 83 गौवंश रखे मिले।
जिनके रहने के लिए पर्याप्त स्थान भी नहीं था। खाने और पानी पीने की नाद भी नहीं बनाई थी। खान-पान की कमी से गौवंश कमजोर मिले। जांच में सामने आया कि कुछ पशु मृत होने के बाद दफनाए हुए मिले। इसके अलावा दो पशुओं के शव मिले। बताया है कि गौशाला का संचालन बिना पंजीकरण के किया जा रहा है। जो पशुक्रूरता निवारण अधिनियम की श्रेणी में आता है। कोतवाल विनोद जोशी ने बताया कि तहरीर के आधार पर बहादुर सिंह के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस जांच में जुटी हुई है।


