20 पीएम श्री विद्यालयों में एक सत्र का पढ़ाई छूटने के बाद टूटी विभाग की नींद
सीवान जिले के आंदर प्रखंड में पीएमश्री विद्यालय योजना के तहत 20 हाई स्कूलों का चयन किया गया है। यह योजना वर्ग 6 से 12 के छात्रों को क्वालिटी एजुकेशन प्रदान करने के लिए बनाई गई है। हालांकि, पिछले साल योजना शुरू न होने से बच्चे एक सत्र वंचित रह गए हैं।

सीवान, हिन्दुस्तान संवाददाता। जिले के आंदर प्रखंड समेत विभिन्न प्रखंडों में 20 हाई स्कूलों का चयन पीएमश्री विद्यालय योजना के लिए किया गया है। केन्द्र सरकार की यह एक महत्वपूर्ण योजना है। इसके तहत वर्ग 6 से 12 तक की यूनिट एक विद्यालय में हो गई है, जहां बच्चों को विभिन्न नवाचारों के प्रयोग के साथ-साथ क्वालिटी एजुकेशन दी जाएगी। इसके लिए यदि आधारभूत संरचना इत्यादि के विकास के लिए केन्द्र सरकार ने विशेष राशि का भी प्रावधान किया है।
जिला शिक्षा विभाग की स्थिति
हालांकि जिला शिक्षा विभाग इस मामले में तेजी नहीं ला सका। इसकी वजह से सत्र 2025-26 से चयनित 20 पीएम श्री विद्यालयों शुरू होने वाली पढ़ाई शुरू नहीं हो सकी और अब जाकर डेढ़ साल बाद टूटी विभाग की नींद टूटी है। बहरहाल, इस विषय को आपके अपने अखबार हिन्दुस्तान ने 31 मार्च, 25 अप्रैल, 7 अगस्त व 5 दिसंबर को प्रमुखता से खबरें प्रकाशित की बावजूद पिछले साल जिले में पीएमश्री विद्यालय योजना प्रारंभ नहीं सकी। परिणामस्वरूप जिले के बच्चे क्वालिटी एजुकेशन से लगभग एक सत्र वंचित रह गए। जिला शिक्षा कार्यालय ने ने विभागीय अपर सचिव व माध्यमिक शिक्षा के डायरेक्टर के पत्र के मद्देनजर शीघ्र ही पीएमश्री विद्यालयों में पढ़ाई शुरू होने की बात कही, लेकिन अभी तक पीएमश्री विद्यालयों में पढ़ाई प्रारंभ नहीं होना जिले में शिक्षाहित व छात्रहित के लिए एक दुर्भाग्यपूर्ण स्थिति रही।
पीएमश्री विद्यालयों के लाभ
क्या होगा लाभ पीएमश्री विद्यालयों में आसपास के मध्य विद्यालय से कक्षा 6 से 8 तक के शिक्षकों व बच्चों की यूनिट का संविलयन पिछले वर्ष 2025 में ही कर दिया गया है। इस प्रकार वर्ष 2025 से ही चयनित पीएमश्री विद्यालय अब सीधे कक्षा 6 से 12 तक के विद्यालय हो गए हैं। इन विद्यालयों में विभिन्न आधारभूत संरचनाओं के विकास के लिए विशेष राशि की व्यवस्था की गई है। सका सीधा लाभ बच्चों को प्राप्त होगा और इस प्रकार क्वालिटी एजुकेशन की अवधारणा साकार हो पाएगी।
शिक्षकों की स्थिति
कक्षा 1 से 5 की यूनिट मूल विद्यालय में ही रह जाएगी विभागीय प्रावधानानुसार जिन मध्य विद्यालयों से कक्षा 6 से 8 की यूनिट हटकर पीएमश्री विद्यालय में संविलयित कर दी गई है तो उस पूर्व के विद्यालय में सिर्फ कक्षा 1 से 5 के शिक्षक तथा छात्र रह जाएंगे। यदि नियमित वेतनमान वाले मध्य विद्यालय की यूनिट के प्रधानाध्यापक वहां कार्यरत होंगे तो उनका स्थानांतरण किसी अन्य मध्य विद्यालय में कर दिया जाएगा। जिला शिक्षा कार्यालय से मिली जानकारी के अनुसार शिक्षा विभाग के माध्यमिक शिक्षा निदेशक के वर्ष 2025 में 16 अप्रैल को दिए गए निर्देश को ध्यान में रखते हुए पीएमश्री विद्यालयों के लिए आस-पास के उन्हीं मध्य विद्यालयों की यूनिट का चयन किया गया है जो उर्दू मध्य विद्यालय या बालिका मध्य विद्यालय के रूप में दर्ज नहीं है।


