DA Image

अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

नरेन्द्र मोदी की सांसदों को नसीहत: छपास, दिखास से बचिये, मिठास रखिये

pm narendra modi in parliament   bjp twitter may 25  2019

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शनिवार को नव निर्वाचित सांसदों को बड़बोलेपन और मीडिया में छपने एवं दिखने की उत्कंठा से बचने की नसीहत दी। साथ ही कहा कि हमारे ऊपर बहुत बड़ी जिम्मेवारियां है, इन्हें हमें निभाना है, वरना देश माफ नहीं करेगा। संसद के केंद्रीय कक्ष में राजग एवं भाजपा नेताओं एवं सांसदों की मौजूदगी में मोदी ने कहा, ''जनप्रतिनिधियों से मेरा आग्रह रहेगा कि मानवीय संवेदनाओं के साथ अब कोई भी हमारे लिए पराया नहीं रह सकता है। इसकी ताकत बहुत बड़ी होती है। दिलों को जीतने की कोशिश करेंगे।"

उन्होंने कहा, ''हमारा मोह हमें संकट में डालता है। इसलिए हमारे नए और पुराने साथी इन चीजों से बचें क्योंकि अब देश माफ नहीं करेगा। हमारी बहुत बड़ी जिम्मेदारियां है। हमें इन्हें निभाना है। वाणी से, बर्ताव से, आचार से, विचार से, हमें अपने आपको बदलना होगा।" मोदी ने किसी का नाम न लेते हुए कहा कि बड़बोलापन जो होता है, टीवी के सामने कुछ भी बोल देते हैं। जो बोल देते हैं तो 24-48 घंटे तक चलती है और अपनी परेशानी बढ़ती है। कुछ लोग सुबह उठकर जब तक राष्ट्र के नाम संदेश नहीं दे लेते हैं, उन्हें चैन नहीं पड़ता।

राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने PM मोदी को सरकार बनाने का न्यौता दिया

उन्होंने कहा कि मीडिया को भी पता होता है कि 5.6 नमूने हैं, इनके गेट के सामने पहुंच जाओ, कुछ ना कुछ बोलेंगे ही। ऐसी-ऐसी चीजें होती है, जिनका हमसे लेना-देना नहीं होता। उन्होंने कहा कि मैं ये बात सदन चलते वक्त कहता तो लोग सोचते कि मेरे लिए कह रहा है। लेकिन, आज निरपेक्ष होकर कह रहा हूं। आपको इससे बचना चाहिए। प्रधानमंत्री ने कहा कि अटल-आडवाणी कहते थे कि छपास और दिखास से बचना चाहिए। इससे बचकर आप खुद को भी बचा सकते हैं और दूसरों को भी बचा सकते हैं।

नये सांसदों को गुर देते हुए मोदी ने कहा कि कोई कुछ पूछे तो उसे कहें कि एक घंटा रुको, जांच करता हूं। अन्यथा मूल बात रह जाएगी और रात तक आपका बयान और ना जाने क्या-क्या बयान आ जाएंगे। उन्होंने कहा कि नए और पुराने जो साथी आए हैं, उनसे आग्रह है.. इनसे बचें। मोदी ने कहा कि जनप्रतिनिधि के लिए कोई भेद भाव की सीमा रेखा नहीं होती। जो हमारे साथ थे, हम उनके लिए भी हैं, जो भविष्य में हमारे साथ होंगे, हम उनके लिए भी हैं।

PM मोदी बोले: सबका साथ, सबका विकास और सबका विश्वास ये हमारा मंत्र

उन्होंने कहा कि हम न हमारी हैसियत से जीतकर आते हैं, न कोई वर्ग हमें जिताता है, न मोदी हमें जिताता है। हमें सिर्फ देश की जनता जिताती है। हम जो कुछ भी हैं मोदी के कारण नहीं, जनता जनार्दन के कारण हैं। हम यहां अपनी योग्यता के कारण नहीं हैं, जनता जनार्दन के कारण हैं। मीडिया में मंत्रिमंडल को लेकर आने वाली खबरों के संदर्भ में उन्होंने कहा कि इस देश में बहुत से ऐसे हो गए हैं, जिन्होंने मंत्रिमंडल बना दिया है। जो भी जीतकर आए हैं, सब मेरे हैं। सरकार और कोई बनाने वाला नहीं है, जिसकी जिम्मेवारी है वही बनाने वाले हैं। अखबार के पन्नों से न मंत्री बनते हैं, न मंत्रिपद जाते हैं।

वीआईपी संस्कृति के संदर्भ में मोदी ने कहा कि देश को बड़ी नफरत है। हम भी नागरिक हैं तो कतार में क्यों खड़े नहीं रह सकते। ''मैं चाहता हूं कि हमें जनता को ध्यान में रखकर खुद को बदलना चाहिए। लाल बत्ती हटाने से कोई आर्थिक फायदा भले ही न हो, लेकिन जनता के बीच अच्छा मैसेज गया है।" उन्होंने कहा कि हम चाहे भाजपा या एनडीए के प्रतिनिधि बनकर आए हों, जनता ने हमें स्वीकार किया है सेवाभाव के कारण। राष्ट्रीय दृष्टिकोण से फैसला लीजिए। आप कुछ भी करें, खुद को कसौटियों पर कसें, तो गलतियां कम होंगी।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:PM Narendra Modi Key Note For Newly Elected MP At Parliament Central Hall