यात्री वाहनों की रिकॉर्ड तिमाही थोक बिक्री
देश में चालू वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही में यात्री वाहनों की थोक बिक्री 25.9 प्रतिशत बढ़कर 12,73,811 इकाई रही। इस वृद्धि का कारण मजबूत घरेलू मांग और पिछले साल के मुकाबले कम आधार प्रभाव है। दोपहिया वाहनों की थोक बिक्री में भी वृद्धि देखी गई।

नई दिल्ली, एजेंसी। देश में चालू वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही में यात्री वाहनों की थोक बिक्री 25.9 प्रतिशत बढ़कर रिकॉर्ड 12,73,811 इकाई रही। उद्योग संगठन सियाम ने बुधवार को यह जानकारी देते हुए कहा कि पश्चिम एशिया युद्ध से उत्पन्न चुनौतियों के बावजूद मजबूत घरेलू मांग के कारण यह वृद्धि दर्ज की गई।
बिक्री में वृद्धि
सोसाइटी ऑफ इंडियन ऑटोमोबाइल मैन्युफैक्चरर्स (सियाम) ने बयान में कहा कि वित्त वर्ष 2025-26 की पहली (अप्रैल-जून) तिमाही में यात्री वाहनों की थोक बिक्री 10,11,884 इकाई रही थी। इससे पहले 2024-25 की अप्रैल-जून तिमाही में रिकॉर्ड करीब 10.3 लाख इकाई की बिक्री दर्ज की गई थी। पहली तिमाही में दोपहिया वाहनों की थोक बिक्री 20.3 प्रतिशत बढ़कर 56,28,675 इकाई रही, जो एक वर्ष पहले की समान अवधि में 46,77,990 इकाई थी।
जून माह में बिक्री
इस बीच, घरेलू यात्री वाहनों की थोक बिक्री जून में सालाना आधार पर 24.1 प्रतिशत बढ़कर 3,88,144 इकाई रही। यात्री वाहनों की थोक बिक्री जून 2025 में 3,12,851 इकाई थी। सोसाइटी ऑफ इंडियन ऑटोमोबाइल मैन्युफैक्चरर्स (सियाम) के बयान के अनुसार, पिछले महीने दोपहिया वाहनों की कुल थोक बिक्री 18.6 प्रतिशत बढ़कर 18,51,400 इकाई हो गई, जो जून 2025 में 15,61,283 इकाई थी।
सियाम का बयान
सियाम के अध्यक्ष शैलेश चंद्रा ने कहा, 'पश्चिम एशिया में व्यवधानों से उत्पन्न हुई चुनौतियों के बावजूद वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही में सभी वाहन श्रेणियों का मजबूत प्रदर्शन घरेलू मांग के समर्थन, माल एवं सेवा कर (जीएसटी) की कम दरों, वित्तपोषण लागत में नरमी, कम आधार प्रभाव और नए मॉडल की पेशकश का परिणाम है। फिलहाल उपभोक्ता धारणा और मांग स्थिर बनी हुई है, लेकिन उद्योग, कृषि उत्पादन एवं ग्रामीण मांग पर संभावित प्रभाव को देखते हुए भू-राजनीतिक घटनाक्रम तथा मानसून की प्रगति पर करीबी नजर बनाए हुए है।


