जीआईएस रिमोट सेंसिंग कार्यशाला की विवरणिका का हुआ विमोचन
बरेली कॉलेज के पर्यावरण विज्ञान विभाग ने 25 अगस्त को 'नेविगेटिंग द फ्यूचर: जीआईएस एंड रिमोट सेंसिंग' विषय पर एक दिवसीय कार्यशाला आयोजित करने की योजना बनाई है। स्नातक, परास्नातक और शोधार्थी इसमें भाग ले सकते हैं। कार्यशाला में गूगल अर्थ प्रो, एआरसी जीआईएस, और सेटेलाइट इमेज प्रोसेसिंग का प्रशिक्षण दिया जाएगा।

बरेली कॉलेज के पर्यावरण विज्ञान विभाग की ओर से 25 अगस्त को एक दिवसीय कार्यशाला आयोजित की जाएगी। इसका विषय नेविगेटिंग द फ्यूचर: जीआईएस एंड रिमोट सेंसिंग है। कार्यशाला में स्नातक, परास्नातक, शोधार्थी और शिक्षक भाग ले सकते हैं। विवरणिका का विमोचन प्राचार्य प्रो. ओपी राय और उप प्राचार्य प्रो. वंदना शर्मा ने किया। विभागाध्यक्ष प्रो. जसपाल सिंह ने बताया कि कार्यशाला खासतौर पर जीआईएस और रिमोट सेंसिंग के शुरुआती स्तर के प्रतिभागियों के लिए तैयार की गई है। इसमें जीआईएस और रिमोट सेंसिंग की मूल जानकारी के साथ गूगल अर्थ प्रो, एआरसी जीआईएस और सेटेलाइट इमेज प्रोसेसिंग का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया जाएगा।
पर्यावरण निगरानी, आपदा प्रबंधन, सटीक कृषि, जलवायु परिवर्तन, आधारभूत ढांचे और संसाधन नियोजन में इन तकनीकों के उपयोग को केस स्टडी के माध्यम से समझाया जाएगा। कार्यशाला में प्रो. जुबैरुल इस्लाम यूनिवर्सिटी ऑफ अबुजा, नाइजीरिया ऑनलाइन व्याख्यान देंगे। डॉ. सुधीर के. सिंह इलाहाबाद विश्वविद्यालय विशेषज्ञ व्याख्यान देंगे, जबकि श्रुति सक्सेना, ट्रेनर एवं जीआईएस एनालिस्ट, कोलकाता, ऑफलाइन प्रशिक्षण देंगी। प्रतिभागियों को जीआईएस एनालिस्ट, रिमोट सेंसिंग साइंटिस्ट और कार्टोग्राफर जैसे क्षेत्रों में करियर व रोजगार के अवसरों तथा संबंधित प्रमाणपत्रों की जानकारी भी दी जाएगी। इस दौरान डॉ. रमेश त्रिपाठी, प्रो. राजेंद्र सिंह, डॉ. योगेश शर्मा, प्रो. निष्ठा सेठ, प्रो. अनामिका अग्रवाल और डॉ. गौरव भूषण सहित शिक्षक, शोधार्थी और विद्यार्थी मौजूद रहे।


