राष्ट्रीय टेनिस प्रतियोगिता में ओमीशा ने जीता रजत पदक
राजेंद्र नगर की खैतान पब्लिक स्कूल की कक्षा नौ की छात्रा ओमीशा वर्मा ने राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता में रजत पदक हासिल किया है। हरियाणा के प्रेसिडियम स्कूल में आयोजित टेनिस टूर्नामेंट में उन्होंने अंडर-16 बालिका वर्ग में दूसरे स्थान पर जगह बनाई। ओमीशा का सपना भारतीय टेनिस टीम में शामिल होकर देश का नाम रोशन करना है।

ट्रांस हिंडन, अफzal खान। राजेंद्र नगर स्थित खैतान पब्लिक स्कूल की कक्षा नौ की छात्रा और टेनिस खिलाड़ी ओमीशा वर्मा ने राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता में रजत पदक जीता है। हरियाणा के बहादुरगढ़ स्थित प्रेसिडियम स्कूल, ओमेक्स सिटी में 31 अगस्त से छह सितंबर तक ऑल इंडिया नेशनल रैंकिंग टेनिस टूर्नामेंट (सीएस-7) का आयोजन किया गया। इसमें अंडर-16 बालिका वर्ग में ओमीशा ने दूसरा स्थान हासिल किया। ओमीशा ने प्रतियोगिता में अच्छा खेल दिखाते हुए फाइनल तक जगह बनाई। फाइनल मुकाबले में कड़े संघर्ष के बाद उन्हें दूसरे स्थान से संतोष करना पड़ा। कोच सलमान ने बताया कि ओमीशा इस समय एआईटीए रैंकिंग में उत्तर प्रदेश में तीसरे स्थान पर हैं। वह जिले की शीर्ष खिलाड़ियों में भी शामिल हैं। जिले में वे पहले स्थान पर बनी हुई है। ओमीशा करीब पांच साल से लगातार टेनिस का अभ्यास कर रही हैं। पिछले दो साल से वह एआईटीए की प्रतियोगिताओं में हिस्सा ले रही हैं। नियमित अभ्यास के साथ वह अपनी फिटनेस और खेल को बेहतर बनाने पर भी ध्यान देती हैं। उनके पिता प्रशांत वर्मा निजी कंपनी में काम करते हैं और माता अनामिका वर्मा हैं। परिवार भी ओमीशा को खेल में आगे बढ़ने के लिए लगातार प्रोत्साहित करता है। पिता प्रशांत वर्मा ने बताया की ओमीशा करीब पांच सालों से निरंतर अभ्यास कर रही है। पिता ने बताया कि ओमीशा की मेहनत और लगन को देखते हुए वे उन्हें दो स्थानों पर अभ्यास के लिए भेजते है। इससे उनकी प्रतिभा लगातार निखर रही है。
भारतीय टीम में खेलना चाहती हैं
ओमीशा वर्मा का सपना भविष्य में भारतीय टेनिस टीम का हिस्सा बनकर देश के लिए खेलना है। वह इस लक्ष्य को हासिल करने के लिए लगातार मेहनत कर रही हैं। करीब पांच साल से टेनिस का अभ्यास कर रहीं ओमीशा रोजाना अपने खेल को बेहतर बनाने पर ध्यान देती हैं। कोच सलमान के मार्गदर्शन में वह तकनीक और फिटनेस पर भी काम करती हैं। पिछले दो वर्षों से वह एआईटीए की प्रतियोगिताओं में हिस्सा ले रही हैं। राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं में पदक जीतने से उनका आत्मविश्वास बढ़ा है। ओमीशा का कहना है कि वह आगे भी कड़ी मेहनत कर देश का नाम रोशन करना चाहती हैं।


