वीबीजीरामजी में मिलेगा 125 दिन काम, अधिक दाम
फरवरी 2006 में शुरू हुई नरेगा अब विकसित भारत-गारंटी फॉर रोजगार एंड आजीविका मिशन ग्रामीण 'वीबीजीरामजी' में बदल गई है। योजना के तहत श्रमिकों को 125 दिन के काम और 300 रुपये पारिश्रमिक का प्रावधान किया गया है। भ्रष्टाचार रोकने के लिए नई व्यवस्था भी लागू की गई है।
प्रयागराज, प्रमुख संवाददाता। फरवरी 2006 में शुरू हुई नरेगा पहले मनरेगा बनी और दो फरवरी 2026 को मनरेगा भी इतिहास हो गई। इस योजना को अब विकसित भारत-गारंटी फॉर रोजगार एंड आजीविका मिशन ग्रामीण ‘वीबीजीरामजी’ में तब्दील कर दिया गया है। मोती लाल नेहरू राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (एमएनएनआईटी) के बहुउद्देश्यीय सभागार में गुरुवार को उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य की मौजूदगी में जिले का मुख्य कार्यक्रम हुआ।
वीबीजीरामजी योजना के लाभ
इस मौके पर डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने बताया की वीबीजीरामजी योजना में श्रमिकों को अब 100 के बजाए 125 दिन काम दिया जाएगा। वहीं 252 रुपये से बढ़ाकर पारिश्रमिक को भी 300 रुपये कर दिया गया है। यह राशि सातवें दिन खाते में आएगी। उप मुख्यमंत्री ने कहा कि मनरेगा में लीकेज था, जिसके कारण बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार होता था, लेकिन अब वीबीजीरामजी योजना के तहत लीकेज को रोकने के लिए प्रावधान किए गए हैं, जिससे भ्रष्टाचार खत्म होगा। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के नेतृत्व में विकसित भारत, मुख्यमंत्री के नेतृत्व में विकसित उत्तर प्रदेश बनाने के लक्ष्य के साथ-साथ अब हमारा लक्ष्य विकसित ग्राम सभा बनाने का है। पहले श्रमिकों को मनरेगा योजना के तहत उनके पारिश्रमिक का भुगतान 15 दिनों में किया जाता था, अब इस योजना के तहत सात दिनों में श्रमिकों के पारिश्रमिक भुगतान की व्यवस्था की गई है।
भूमि का पट्टा और आवास योजना
उप मुख्यमंत्री ने कहा कि यदि ग्राम सभा में किसी पात्र लाभार्थी को प्रधानमंत्री या मुख्यमंत्री आवास के तहत चिह्नित किया गया है और उसके पास जमीन नहीं है, तो डबल इंजन की सरकार उस लाभार्थी को जमीन का पट्टा के माध्यम से उसको जमीन उपलब्ध कराकर उसका मकान बनवाने का काम करेगी। उन्होंने कहा कि डबल इंजन की सरकार में गरीबों को अमीर बनाने का कार्य किया जा रहा है। सरकार अंतिम पायदान के व्यक्ति के साथ खड़ी है।
आने वाले कार्य
इन कार्यों को किया जाएगा उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि आने वाले समय में अमृत सरोवरों के निर्माण का कार्य जीरामजी योजना के तहत कराया जाएगा, जिससे ज्यादा से ज्यादा लोगों को रोजगार के अवसर प्राप्त होंगे। कहा कि ग्राम स्तर पर बैठक कर ग्राम सभा के विकास के लिए विस्तृत कार्ययोजना बनाई जाए और उसके अनुरूप कार्य किया जाए, जिससे कि ग्राम सभा को विकसित ग्राम सभा बनाया जा सके। इस दौरान जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. वीके सिंह, विधायक फूलपुर दीपक पटेल, फाफामऊ गुरु प्रसाद मौर्य, एमएलसी सुरेंद्र चौधरी, डॉ. केपी श्रीवास्तव, सीडीओ हर्षिका सिंह, परियोजना अधिकारी भूपेंद्र कुमार सिंह, डीडीओ जीपी कुशवाहा, उपायुक्त श्रम रोजगार गुलाब चंद्र, जिला कार्यक्रम अधिकारी दिनेश सिंह, भाजपा महानगर अध्यक्ष संजय गुप्ता, गंगापार अध्यक्ष निर्मला पासवान आदि मौजूद रहे।


