प्राथमिक विद्यालयों में लागू होंगे 10 प्रभावी शिक्षण-अधिगम मानक
फतेहपुर में निपुण संकल्प कार्यशाला का आयोजन किया गया, जहां अधिकारियों ने प्राथमिक विद्यालयों में निपुण भारत मिशन को लागू करने के लिए 10 प्रभावी शिक्षण-अधिगम मानकों पर चर्चा की। प्रशिक्षण सत्र में गुणवत्तापूर्ण शिक्षण के महत्व पर जोर दिया गया और बच्चों की सीखने की प्रक्रिया को बेहतर बनाने के उपायों पर विचार किया गया।

फतेहपुर, संवाददाता। बेसिक शिक्षा विभाग द्वारा संचालित प्राथमिक विद्यालयों में निपुण भारत मिशन को मजबूती के साथ लागू करने के लिए मंगलवार को निपुण संकल्प कार्यशाला का आयोजन किया गया। जिसमें अधिकारियों ने प्राथमिक विद्यालयों में 10 प्रभावी शिक्षण-अधिगम मानक लागू कि या जाएगा।डायट प्राचार्या आरती गुप्ता एवं बीएसए प्रिंसी मौर्य की मौजूदगी में निपुण भारत मिशन के उद्देश्यों तथा गुणवत्तापूर्ण शिक्षण की आवश्यकता पर प्रकाश डाला गया। वहीं राज्य परियोजना कार्यालय से आए संदर्भदाता अनुश्री एवं शिवेश ने प्रतिभागियों के साथ संवादात्मक एवं गतिविधि-आधारित प्रशिक्षण सत्र संचालित किए। उन्होंने बताया कि निपुण भारत मिशन के लक्ष्यों की प्राप्ति के लिए विद्यालयों में बच्चों की सीखने की प्रक्रिया को अधिक प्रभावी, आनंददायक एवं सहभागितापूर्ण बनाने के लिए 10 प्रमुख शिक्षण-अधिगम मानकों को अपनाना आवश्यक है।
कार्यशाला में दिए गए प्रशिक्षण के दौरान सहज एवं सुरक्षित शिक्षण वातावरण का निर्माण, नियमित अभ्यास एवं सार्थक फीडबैक की व्यवस्था, विद्यार्थियों की समझ की जांच समेत अन्य बिंदुओं पर चर्चा एवं अभ्यास कराया गया। संदर्भदाताओं ने सभी एआरपी से कहाकि अपने-अपने ब्लाकों के शिक्षकों का सतत मार्गदर्शन करते हुए इन मानकों के प्रभावी क्रियान्वयन को सुनिश्चित करें। कार्यक्रम का संचालन एसआरजी राधेश्याम दीक्षित एवं जयचंद्र पाण्डेय ने तो स्वागत डीसी प्रशिक्षण अशोक त्रिपाठी ने किया। इस मौके पर बीईओ हौसिला प्रसाद, रायबरेली के बीईओ बृजलाल वर्मा, डॉ. सत्य प्रकाश यादव, ऋचा सिंह, शीतल श्रीवास्तव आदि मौजूद रहे।


