हाईकोर्ट ने अपहरण के मामले में डीएसपी के सुपरविजन पर उठाया सवाल
मुजफ्फरपुर, हिन्दुस्तान प्रतिनिधि। कांटी के गोसाईटोला गांव में अपहरण के दो वर्ष पुराने मामले पर हाईकोर्ट ने डीएसपी पूर्वी की सुपरविजन पर सवाल उठाए हैं। जस्टिस राजीव राय की पीठ ने आरोपित राहुल कुमार को सशर्त अग्रिम जमानत दी है। मामले में आरोपी को भुजुंगी सहनी, राहुल कुमार एवं शंभू पासवान ने नामित किया है।

मुजफ्फरपुर, हिन्दुस्तान प्रतिनिधि। कांटी के गोसाईटोला गांव के सकलदेव सहनी अपहरण के दो वर्ष पुराने मामले में तत्कालीन डीएसपी पूर्वी के सुपरविजन पर हाईकोर्ट ने सवाल उठाया है। सुपरविजन रिपोर्ट डीएसपी पूर्वी ने घटना को सत्य बताया है। हालांकि, उन्होंने उन कारणों का उल्लेख नहीं किया, जिससे इस घटना को उन्होंने सत्य बताया था।
उच्च न्यायालय की प्रतिक्रिया
हाईकोर्ट में जस्टिस राजीव राय की पीठ ने सुपरविजन में इस प्रकार की लापरवाही पर आरोपित राहुल कुमार को सशर्त अग्रिम जमानत दे दी है। पीठ ने कहा है कि इस प्रकार की जांच व सुपरविजन रिपोर्ट प्रस्तुत करने के लिए तत्कालीन डीएसपी पूर्वी को प्रशिक्षण की आवश्यकता है। सुपरविजन करने वाले अधिकारी का कर्तव्य है कि यह सुनिश्चित करें कि दोषियों को मुकदमा का सामना करने के लिए भेजे जाने के साथ-साथ निर्दोष को अपमान, मुकदमा व जेल का सामना नहीं करना पड़े। पीठ ने इस आदेश की प्रति के अवलोकन व आवश्यक कार्रवाई के लिए एसएसपी को भेजने निर्देश दिया है।
डाका डालने के दौरान झंझारपुर में मारा गया था सकलदेव
मधुबनी जिले के झंझारपुर थाने के विशुनपुर गांव में शशि कुमार शर्मा के घर पर चार-पांच जुलाई 2024 की रात डकैती हुई। डकैतों में शामिल सकलदेव की अपने साथी डकैतों की गोली लगने से मौत हो गई थी। इस घटना में शशि कुमार शर्मा की पत्नी पिंकी देवी की भी मौत डकैतों से गोली से हुई थी। सकलदेव के शव को उसके साथियों ने वहां से दो किमी दूर ले जाकर बागमती नदी में फेंक दिया था। इस घटना के बाद मृत सकलदेव की पहचान हुई थी।
एफआईआर और आरोप
इससे पहले आठ जुलाई 2024 को सकलदेव की पत्नी कृष्णा देवी ने कांटी थाने में एफआईआर दर्ज कराई थी। इसमें गांव के भुजुंगी सहनी, राहुल कुमार व शंभू पासवान को आरोपित बनाया था। उसने कहा था कि तीन जुलाई 2024 को सभी आरोपित उसके पति को ताड़ी पीने के लिए घर से बुलाकर ले गए। इसके बाद उसका पति वापस नहीं लौटा।


