वृंदावन राजकीय संरक्षण गृह में बालिका की हत्या
वृंदावन के राजकीय बालिका संरक्षण गृह में 14 वर्षीय बालिका की हत्या की गई। वह बाथरूम में संदिग्ध अवस्था में पाई गई थी और अस्पताल में मृत घोषित की गई। पुलिस ने हत्या का आरोप अन्य बालिकाओं पर लगाया है। चार नामजद बालिकाओं के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई गई है।

वृंदावन। चैतन्य विहार फेस-2 स्थित राजकीय बालिका संरक्षण गृह में 14 वर्षीय बालिका की हत्या कर दी गई। वह शुक्रवार दोपहर संदिग्ध अवस्था में बाथरूम में पड़ी मिली थी। अस्पताल में उसे मृत घोषित किया गया था। शनिवार को हत्या का खुलासा हुआ। हत्या का आरोप साथी बालिकाओं पर ही लगा है। मृत बच्ची बरेली की रहने वाली थी। घटना के संबंध में संरक्षण गृह की प्रभारी अधीक्षिका ने वृंदावन थाने में पांच नामजद समेत अन्य संदिग्ध बालिकाओं के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है। बालिका संरक्षण गृह के कक्ष संख्या पांच में शुक्रवार की शाम 14 वर्षीय बालिका बाथरूम में पड़ी मिली। यह देखकर वहां हड़कंप मच गया। बालिका को मायावती संयुक्त चिकित्सालय भेजा गया, वहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में बच्ची की हत्या होना स्पष्ट हुआ। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज देखे और संरक्षण गृह के स्टॉफ से जानकारी की तो पता चला कि जिस कमरे में बालिका रह रही थी, उस कमरे के अटैच बाथरूम में उसके साथ दो अन्य बालिकाएं भी गई थीं, लेकिन कुछ देर बाद बाथरूम से दो बालिकाएं ही बाहर आईं। इन बालिकाओं से पूछताछ की गई तो उन्होंने पानी के टब में डुबोकर हत्या करने की बात स्वीकार की।
मुख्य जानकारी
प्रभारी अधीक्षिका ने तहरीर में कहा है कि मृत मिली बालिका को बाल कल्याण समिति बरेली के आदेश पर 17 जून को यहां लाया गया था। घटना के संबंध में उन्होंने सीसीटीवी कैमरों के रिकॉडिंग देखी थी। शुक्रवार को प्रातः11: 08 बजे कक्ष में बने बाथरूम में इस बालिका के साथ दो और बालिकाएं अंदर गई थीं। लगभग 11:30 बजे एक अन्य बालिका बाथरूम के दरवाजे को खोलकर बाहर देखती है। 11:48 बजे दोनों बालिकाएं जो बाथरूम में साथ गयी थीं, बाहर आते दिखाई दीं। जिस बालिका की मौत हुई, वह वापस आते दिखायी नहीं दी। इस पर प्रभारी अधीक्षिका ने कक्ष संख्या पांच की बालिकाओं से जानकारी प्राप्त करने का प्रयास किया गया लेकिन लगातार गुमराह किया गया। तहरीर में कहा गया है कि 21 अगस्त को ही चार नामजद बालिकाओं को शाम पांच बजे सीसीटीवी कैमरों को तोड़ते हुए देखा गया।
पुलिस की कार्रवाई
घटना की जानकारी पर शनिवार देर शाम को डीएम सीपी सिंह और एसएसपी श्लोक कुमार संरक्षण गृह पहुंचे। अधिकारियों ने निरीक्षण किया और घटना के संबंध में जानकारी जुटाई। एसएसपी श्लोक कुमार ने बताया कि हत्या में शामिल बच्चियों से पूछताछ की गई। प्राप्त साक्ष्यों के आधार पर इन बच्चियों द्वारा हत्या किए जाने की पुष्टि हो रही है। एफआईआर दर्ज कर ली गई है। दो आरोपी बालिकाएं पीलीभीत और अलीगढ़ की हैं। पुलिस हत्या का कारण स्पष्ट करने में जुटी है। पूछताछ में आरोपी बालिकाओं ने सिर्फ इतना बताया है कि वह यहां से बाहर जाना चाहती थीं, इसलिए हत्या की।


