राहुल बच्चा की मौत सिर पर पत्थर के वार से हुई, चार गिरफ्तार
मानगो मुंशी मोहल्ला में राहुल सिंह की हत्या की जांच में महत्वपूर्ण तथ्य सामने आए हैं। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के अनुसार, उसकी मौत सिर पर किसी वस्तु के हमले से हुई, न कि गोली लगने से। इस मामले में चार लोगों को गिरफ्तार किया गया है। राहुल और सब्बे के बीच पिछले दस दिनों से विवाद चल रहा था।

मानगो मुंशी मोहल्ला में बुधवार देर शाम राहुल सिंह उर्फ राहुल बच्चा की हत्या के मामले में पोस्टमार्टम रिपोर्ट से कई महत्वपूर्ण तथ्य सामने आए हैं। चिकित्सकों के अनुसार, राहुल के शरीर पर गोली लगने का कोई निशान नहीं मिला है। उसकी मौत सिर पर किसी कठोर वस्तु से किए गए हमले के कारण हुई। जांच में सामने आया कि हमलावरों ने पत्थर और बांस से हमला कर उसकी हत्या की। इसकी जानकारी एसएसपी ने गुरुवार को संवाददाता सम्मेलन में दी। उन्होंने बताया कि मामले में चार लोगों को गिरफ्तार किया गया है। मामले में पहले सब्बे, सौरभ दत्ता, आफताब को गिरफ्तार किया गया था, जबकि गुरुवार तड़के एक और आरोपी अमरजीत पांडेय को गिरफ्तार किया। सभी मानगो के निवासी हैं।
हत्या के बाद चर्चा
हत्या के बाद चर्चा थी कि राहुल बच्चा को गोली मारकर हत्या की गई है। घटनास्थल पर मौजूद उसके साथियों ने भी कई राउंड फायरिंग होने और बड़ी संख्या में हमलावरों के आने की बात कही थी। हालांकि जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट में गोली लगने की पुष्टि नहीं हुई। पुलिस के अनुसार वारदात में पांच लोग शामिल थे।
दस दिनों से चल रहा था विवाद
पुलिस जांच में सामने आया कि राहुल और सरबजीत सिंह उर्फ सब्बे के बीच दस दिन से विवाद चल रहा था। सब्बे ने बताया कि उसे आशंका थी कि राहुल उसकी हत्या कर देगा। बुधवार रात उसे सूचना मिली कि राहुल मुंशी मोहल्ला में उसका इंतजार कर रहा है। इसके बाद वह साथियों के साथ पहुंचा और राहुल पर हमला कर दिया। उसने पुलिस को बताया कि बांस और पत्थर से राहुल की हत्या की। घटना के बाद राहुल के समर्थकों में आक्रोश था। हालांकि कुछ ही घंटे बाद पुलिस ने मुख्य आरोपी सब्बे समेत तीन आरोपियों को गिरफ्तार करने का दावा किया। बाद में हथियार बरामदगी के दौरान हुई मुठभेड़ में सब्बे घायल हो गया। मुंशी मोहल्ला और आसपास पुलिस बल की तैनाती की गई है।
हत्या के बाद गैंगवार की आशंका
राहुल बच्चा पहले अमरनाथ गिरोह से जुड़ा हुआ था और प्रदीप का करीबी माना जाता था। प्रदीप की हत्या के बाद वह उसके भाई प्रवीर के साथ सक्रिय हो गया था। पुलिस को आशंका है कि दोनों पक्षों के बीच रंजिश बढ़ सकती है। इस कारण संबंधित क्षेत्रों में पुलिस निगरानी बढ़ा दी गई है। राहुल पर हत्या के दो, एक लूट, एक डकैती और आर्म्स एक्ट के मामले दर्ज थे। सब्बे पर हत्या और फायरिंग के आठ मामले, आफताब अली उर्फ बाबा पर चेन छिनतई के छह केस, अमरजीत प्रसाद उर्फ पांडेय के खिलाफ फायरिंग और ब्राउन शुगर सहित 5 केस दर्ज हैं। कार्रवाई करने वाली टीम में सिटी एसपी ललित मीणा, एएसपी ऋषभ त्रिवेदी, मानगो थाना प्रभारी नित्यानंद प्रसाद, एसआई संजय कुमार, रविशंकर कुमार, अमित कुमार, चंदन कुमार, महेन्द्र कुमार, दिलीप कुमार दास, परवन साह, अमित कुमार तीन, एएसआई भरत रवानी, आरक्षी मधुसूदन बानरा, राहुल कुमार, संतोष कुमार शामिल थे।


